
महाराष्ट्र में 15 जनवरी को होने वाले नगर निकाय और बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) चुनाव से पहले बीजेपी-नेतृत्व वाली महायुति ने बड़ा राजनीतिक दबदबा बना लिया है। नामांकन वापसी की अंतिम तारीख के बाद राज्य के विभिन्न नगर निकायों में महायुति के 68 उम्मीदवार निर्विरोध निर्वाचित घोषित किए गए हैं।
इन 68 सीटों में से
- बीजेपी को 44 सीटें,
- एकनाथ शिंदे गुट की शिवसेना को 22 सीटें,
- और अजित पवार की एनसीपी को 2 सीटें
मिली हैं।
सबसे ज्यादा निर्विरोध जीत ठाणे जिले की कल्याण–डोंबिवली नगर निगम में दर्ज की गई है। इसके अलावा पुणे, पिंपरी–चिंचवाड, पनवेल, भिवंडी, धुले, जलगांव और अहिल्यानगर से भी महायुति के उम्मीदवार निर्विरोध विजयी हुए हैं।
⚖️ विपक्ष के आरोप
उद्धव ठाकरे गुट की शिवसेना ने इन निर्विरोध जीतों पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। पार्टी का आरोप है कि विपक्षी उम्मीदवारों को ईडी–सीबीआई की कार्रवाई का डर दिखाकर या सौदेबाज़ी के जरिए नाम वापस लेने को मजबूर किया गया।
वहीं राज्यसभा सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने इस पूरे मामले पर चुनाव आयोग की चुप्पी पर भी सवाल उठाए हैं।




