जिस विस्फोटक अंदाज़ के साथ वैभव सूर्यवंशी ने साल 2025 का अंत किया था, ठीक उसी अंदाज़ में उन्होंने नए साल 2026 की शुरुआत भी कर दी है। साउथ अफ्रीका दौरे पर भारतीय अंडर-19 टीम की कप्तानी संभाल रहे वैभव ने दूसरे वनडे में ऐसी पारी खेली, जिसने हर किसी को हैरान कर दिया।
पहले मुकाबले में 11 रन बनाकर आउट होने वाले वैभव ने दूसरे वनडे में क्रीज पर कदम रखते ही गेंदबाजों पर हमला बोल दिया। महज 14 साल की उम्र में उन्होंने सिर्फ 19 गेंदों में अर्धशतक जड़ दिया। फिफ्टी पूरी करने तक उनके बल्ले से 8 छक्के निकल चुके थे।
वैभव यहीं नहीं रुके। आउट होने से पहले उन्होंने 24 गेंदों पर 10 छक्के और 1 चौके की मदद से 68 रन ठोके। इस दौरान उनका स्ट्राइक रेट 283.33 का रहा, जो वनडे क्रिकेट में किसी टी20 पारी से कम नहीं था।
साउथ अफ्रीका के खिलाफ दूसरे वनडे में वैभव की इस आक्रामक पारी ने यह साफ कर दिया कि उनका खेलने का अंदाज़ बिल्कुल अलग है। तेज गेंदबाज क्रूसकैंप की गेंद पर बड़ा शॉट खेलने के प्रयास में उन्होंने कवर्स के ऊपर गेंद उछाली, जिसे फील्डर डैनियल बॉसमैन ने लपक लिया।
बतौर कप्तान पहली फिफ्टी
तीन मैचों की इस वनडे सीरीज में वैभव सूर्यवंशी टीम इंडिया की कप्तानी कर रहे हैं। नियमित कप्तान आयुष म्हात्रे के चोटिल होने के बाद उन्हें यह जिम्मेदारी सौंपी गई है। साउथ अफ्रीका की धरती पर यूथ वनडे में बतौर कप्तान यह उनकी पहली फिफ्टी रही।
करीब 20 मिनट तक क्रीज पर रहकर वैभव ने गेंदबाजों की लाइन-लेंथ बिगाड़ दी और एक बार फिर साबित कर दिया कि जब यह युवा बल्लेबाज फॉर्म में होता है, तो गेंदबाजों के लिए हालात बेहद मुश्किल हो जाते हैं।




