May 18, 2026

Bastar Naxal Update : ‘जेनजी नक्सली’ बताकर संगठन ने जारी किया नया प्रेस नोट, आत्मसमर्पण से इनकार

जगदलपुर। लंबे समय बाद बस्तर में माओवादी संगठन का एक नया प्रेस नोट सामने आया है। माड़ डिवीजन कमेटी की सचिव रणीता के नाम से जारी इस प्रेस नोट ने सुरक्षा एजेंसियों की चिंता एक बार फिर बढ़ा दी है। प्रेस नोट में रणीता ने खुद को ‘जेनजी नक्सली’ बताते हुए कहा है कि संगठन आत्मसमर्पण नहीं करेगा और उनकी लड़ाई आगे भी जारी रहेगी।

प्रेस नोट में देशभर में हिंसक गतिविधियों को जारी रखने की बात भी कही गई है, जिससे सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गई हैं। बताया जा रहा है कि इससे पहले जगदलपुर में माओवादी नेता रूपेश के आत्मसमर्पण के बाद माड़ डिवीजन कमेटी लगभग खत्म मानी जा रही थी, लेकिन अब अचानक आए इस प्रेस नोट ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं।

अलर्ट मोड पर सुरक्षा एजेंसियां
अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल इस प्रेस नोट की सत्यता की जांच की जा रही है। यह भी पता लगाया जा रहा है कि प्रेस नोट वास्तव में माओवादी संगठन की ओर से जारी किया गया है या इसके पीछे कोई और रणनीति काम कर रही है। बस्तर में सुरक्षा बलों के लगातार दबाव के बीच माओवादी संगठन की इस नई सक्रियता को लेकर सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड पर हैं।

31 मार्च 2026 तक नक्सलवाद खत्म करने का लक्ष्य
भारत सरकार ने देश से नक्सलवाद के पूर्ण खात्मे की समय सीमा 31 मार्च 2026 तय की है और अब इसमें करीब 15 दिन का समय ही बचा है। हाल ही में छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री और गृह मंत्री विजय शर्मा ने कहा था कि सशस्त्र नक्सलवाद को खत्म करने की प्रक्रिया तय समय सीमा के अनुसार आगे बढ़ रही है।

गौरतलब है कि पिछले महीने बस्तर दौरे के दौरान केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भी इस लक्ष्य को दोहराया था और कहा था कि सुरक्षा बलों के लगातार ऑपरेशनों के चलते नक्सली संगठन बैकफुट पर हैं।