बीजापुर: Chhattisgarh के Bijapur जिला मुख्यालय से करीब 4 किलोमीटर दूर ग्राम गोरना में निर्माणाधीन PMGSY पुलिया को लेकर गंभीर अनियमितताओं के आरोप सामने आए हैं। ग्रामीणों ने ठेकेदार पर घटिया निर्माण और अभद्र व्यवहार का आरोप लगाते हुए प्रशासन से कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
ग्रामीणों के अनुसार पुलिया का निर्माण बेहद खराब गुणवत्ता के साथ किया जा रहा है। बताया जा रहा है कि करीब 4 मीटर लंबी इस पुलिया में लोहे की सरिया (रॉड) का इस्तेमाल नहीं किया जा रहा, वहीं गिट्टी, रेत और सीमेंट की मात्रा भी मानकों के अनुरूप नहीं है।
ठेकेदार पर अभद्रता का आरोप
ग्रामीणों का आरोप है कि जब उन्होंने निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल उठाए, तो ठेकेदार ने उनके साथ अभद्र व्यवहार किया। आरोप के मुताबिक ठेकेदार ने आपत्तिजनक टिप्पणी करते हुए कहा कि “पहले कपड़े पहनना सीखो, फिर बात करना” और यह भी कहा कि “रॉड बाद में डालेंगे”। इस घटना के बाद गांव में आक्रोश का माहौल है।
पहली बारिश में बहने का खतरा
ग्रामीणों ने आशंका जताई है कि यदि इसी तरह निर्माण कार्य जारी रहा, तो पुलिया पहली ही बारिश में बह सकती है, जिससे गांव का संपर्क जिला मुख्यालय से फिर से टूट सकता है।
नक्सल प्रभावित क्षेत्र में विकास पर सवाल
गोरना गांव पहले नक्सल प्रभावित क्षेत्र रहा है, जहां लंबे समय तक बुनियादी सुविधाओं का अभाव था। अब जब विकास कार्य हो रहे हैं, तो उसमें लापरवाही से ग्रामीणों में भारी नाराजगी है।
जांच और कार्रवाई की मांग
ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि निर्माण कार्य की तत्काल जांच कराई जाए, दोषी ठेकेदार के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए और घटिया निर्माण को हटाकर गुणवत्तापूर्ण पुनर्निर्माण कराया जाए।





