रायपुर में प्रदेश की आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं को सशक्त बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने 108 संजीवनी एक्सप्रेस के तहत 375 नई एम्बुलेंस का लोकार्पण किया। यह सेवा तत्काल प्रभाव से शुरू हो गई है, जिससे आपातकालीन स्थितियों में नागरिकों को त्वरित और बेहतर चिकित्सा सहायता मिल सकेगी।

375 एम्बुलेंस से बढ़ी ताकत
इस पहल के तहत 300 बेसिक लाइफ सपोर्ट (BLS) और 70 एडवांस्ड लाइफ सपोर्ट (ALS) एम्बुलेंस शामिल की गई हैं। इसके साथ ही पहली बार प्रदेश में 5 नियोनेटल ALS एम्बुलेंस की शुरुआत की गई है, जो नवजात शिशुओं के लिए विशेष रूप से तैयार की गई हैं।
नवजात शिशुओं के लिए बड़ी सुविधा
नियोनेटल एम्बुलेंस अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस हैं। इनमें इन्क्यूबेटर, वेंटिलेटर, डिफिब्रिलेटर, सिरिंज पंप, नेब्युलाइज़र, सक्शन मशीन और 41 प्रकार की जीवनरक्षक दवाएं उपलब्ध हैं। ये एम्बुलेंस “चलते-फिरते नवजात आईसीयू” के रूप में काम करेंगी और गंभीर स्थिति में शिशुओं को सुरक्षित अस्पताल तक पहुंचाने में मदद करेंगी।
तय समय में पहुंचेगी एम्बुलेंस
सरकार ने लक्ष्य तय किया है कि शहरी क्षेत्रों में 15 मिनट और ग्रामीण क्षेत्रों में 30 मिनट के भीतर एम्बुलेंस उपलब्ध कराई जाएगी, ताकि समय पर इलाज मिल सके।
उन्नत चिकित्सा उपकरणों से लैस
BLS और ALS एम्बुलेंसों में बीपी मॉनिटर, पल्स ऑक्सीमीटर, ईसीजी मॉनिटर, ग्लूकोमीटर जैसी जांच सुविधाओं के साथ ऑक्सीजन सपोर्ट, नेब्युलाइजेशन और अन्य आपातकालीन उपचार की व्यवस्था की गई है। गंभीर मरीजों के लिए पोर्टेबल वेंटिलेटर और अन्य आधुनिक उपकरण भी उपलब्ध हैं।
सीएम साय का बयान
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं में लगातार सुधार हो रहा है। उन्होंने बताया कि पहली बार पांच संभाग मुख्यालयों में नवजात शिशुओं के लिए विशेष एम्बुलेंस सेवा शुरू की गई है, जिससे दूरस्थ क्षेत्रों के लोगों को भी बेहतर स्वास्थ्य सुविधा मिल सकेगी।
यह पहल प्रदेश के शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक सुलभ, तेज और प्रभावी बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।





