May 18, 2026

विधानसभा में आयुष्मान योजना पर घिरे स्वास्थ्य मंत्री, निजी अस्पतालों में लाभ नहीं मिलने पर पक्ष-विपक्ष के विधायकों ने उठाए सवाल

रायपुर: Chhattisgarh Legislative Assembly में बुधवार को आयुष्मान योजना के क्रियान्वयन को लेकर जमकर चर्चा हुई। छत्तीसगढ़ में आयुष्मान कार्ड का समुचित लाभ नहीं मिलने और निजी अस्पतालों में इलाज नहीं होने के मुद्दे पर स्वास्थ्य मंत्री Shyam Bihari Jaiswal को सदन में घिरना पड़ा।

विपक्ष ने उठाया मुद्दा

विपक्ष की विधायक Kavita Pran Lahre ने ध्यानाकर्षण प्रस्ताव के जरिए कहा कि निजी अस्पतालों में आयुष्मान योजना का लाभ सही तरीके से हितग्राहियों को नहीं मिल रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि कई गंभीर बीमारियों का इलाज भी योजना के तहत नहीं किया जा रहा है।

सत्ता पक्ष के विधायकों ने भी जताई चिंता

इस मुद्दे पर सत्ता पक्ष के वरिष्ठ विधायक Ajay Chandrakar, Dharamjeet Singh और Amar Agrawal ने भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि यह जनहित से जुड़ा अत्यंत संवेदनशील विषय है और Narendra Modi की महत्वपूर्ण योजना है, इसलिए इसमें किसी भी तरह की लापरवाही नहीं होनी चाहिए।

विधायकों ने स्वास्थ्य मंत्री से इस विषय पर स्पष्ट घोषणा करने की मांग की, ताकि योजना का लाभ सभी कार्डधारकों को पूरी तरह मिल सके।

निजी अस्पतालों को लेकर भी उठे सवाल

सदन में विधायक Sushant Shukla ने कहा कि Apollo Hospital Bilaspur में आयुष्मान योजना के संबंध में वे सात बार स्वास्थ्य विभाग को पत्र लिख चुके हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। वहीं विधायक Asharam Netam ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग इस मुद्दे को गंभीरता से नहीं ले रहा है।

एक सप्ताह में समीक्षा का आश्वासन

विवाद बढ़ने पर आसंदी ने भी मंत्री को इस मामले में जल्द निर्णय लेने का निर्देश दिया। इस पर स्वास्थ्य मंत्री श्यामबिहारी जायसवाल ने कहा कि सभी सदस्यों ने महत्वपूर्ण मुद्दा उठाया है और एक सप्ताह के भीतर विभागीय समीक्षा कर अधिक से अधिक अस्पतालों में योजना का लाभ सुनिश्चित करने का निर्णय लिया जाएगा।