May 18, 2026

दुर्ग में 8 करोड़ की अवैध अफीम खेती का भंडाफोड़, बीज सप्लायर चौथा आरोपी जोधपुर से गिरफ्तार

दुर्ग। छत्तीसगढ़ के Durg district में अवैध नशे के कारोबार के खिलाफ पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने Pulgaon Police Station क्षेत्र में करीब 5 एकड़ 62 डिसमिल जमीन पर उगाई जा रही अवैध अफीम की खेती का भंडाफोड़ किया है। इस मामले में बीज सप्लाई करने वाले चौथे आरोपी को राजस्थान के Jodhpur से गिरफ्तार किया गया है।

पुलिस के अनुसार कुछ दिन पहले संयुक्त टीम ने कार्रवाई करते हुए ग्राम समोदा, झेनझरी और सिरसा के बीच स्थित खेत में उगाई जा रही अफीम की फसल जब्त की थी। जब्त किए गए अफीम के पौधों की अनुमानित कीमत करीब 8 करोड़ रुपये आंकी गई है। इस मामले में भाजपा मंडल अध्यक्ष समेत तीन आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका था। अब इस प्रकरण में चौथा आरोपी भी पुलिस के हत्थे चढ़ गया है। आरोपी की पहचान छोटू राम (62) निवासी जोधपुर के रूप में हुई है।

मक्का के खेत में छिपाकर उगाई जा रही थी अफीम

पुलिस को सूचना मिली थी कि Jevra Sirsa चौकी क्षेत्र में मक्का और भुट्टे की फसल के बीच अफीम के पौधे लगाए गए हैं। मौके पर पहुंची पुलिस टीम ने जांच के दौरान पाया कि फसल के बीच-बीच में अफीम उगाई गई थी, ताकि किसी को संदेह न हो।

5 एकड़ से ज्यादा जमीन में फैली खेती

संयुक्त पुलिस टीम ने खेत का निरीक्षण कर करीब 5 एकड़ 62 डिसमिल जमीन में लगे अफीम के पौधों को जब्त किया। पुलिस के अनुसार इन पौधों की अनुमानित कीमत करीब 8 करोड़ रुपये है। मामले में एनडीपीएस एक्ट के तहत अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।

पहले तीन आरोपी गिरफ्तार, अब चौथा भी पकड़ाया

जांच के दौरान पुलिस पहले ही विकास बिश्नोई (जोधपुर), विनायक ताम्रकार (तेमरापारा, दुर्ग) और मनीष उर्फ गोलू ठाकुर (समोदा) को गिरफ्तार कर चुकी है। पूछताछ में सामने आया कि अफीम की खेती के लिए बीज उपलब्ध कराने में छोटू राम की अहम भूमिका थी। इसके बाद पुलिस टीम राजस्थान पहुंची और उसे गिरफ्तार कर लिया।

खेती के लिए ट्रैक्टर, जेसीबी और हार्वेस्टर जब्त

पुलिस ने आरोपियों से खेती में इस्तेमाल किए जा रहे कई उपकरण भी जब्त किए हैं, जिनमें

  • 2 ट्रैक्टर
  • 2 जेसीबी
  • 2 मोटरसाइकिल
  • 1 हार्वेस्टर

शामिल हैं। इनकी अनुमानित कीमत करीब 1.5 करोड़ रुपये बताई गई है। आरोपी छोटू राम के पास से 2220 रुपये नकद और एक स्मार्टफोन भी बरामद किया गया है।

यह कार्रवाई Vijay Aggarwal के निर्देश पर एसीसीयू दुर्ग, थाना पुलगांव और चौकी जेवरा-सिरसा की संयुक्त पुलिस टीम ने की। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश की जा रही है।