March 4, 2026

साहू समाज में बड़ा फैसला: प्री-वेडिंग शूट पर पूर्ण प्रतिबंध, सादगी और संस्कारों पर जोर

रायपुर। छत्तीसगढ़ प्रदेश साहू संघ की महत्वपूर्ण बैठक प्रदेश अध्यक्ष डॉ. नीरेंद्र साहू की अध्यक्षता में आयोजित की गई, जिसमें प्रदेशभर से सभी जिला अध्यक्ष और पदाधिकारी शामिल हुए। बैठक का मुख्य उद्देश्य समाज की वर्तमान स्थिति, संस्कारों में आ रहे क्षरण और बढ़ते दिखावे पर गंभीर मंथन करना रहा।

प्रदेश संयुक्त सचिव प्रदीप साहू ने बताया कि गहन विचार-विमर्श के बाद सर्वसम्मति से समाजहित में कई अहम निर्णय लिए गए हैं। इनमें सबसे बड़ा फैसला साहू समाज में प्री-वेडिंग शूट को पूर्णतः बंद करने का लिया गया है।


🚫 प्री-वेडिंग शूट पर रोक

प्रदेश साहू संघ ने स्पष्ट किया कि प्री-वेडिंग शूट के नाम पर समाज में फिजूलखर्ची, दिखावा और संस्कारहीन परंपराएं बढ़ रही हैं, जिस पर अब विराम लगाया जाएगा।

संघ ने कहा—

अब समय आ गया है कि साहू समाज दिखावे की नहीं, बल्कि संस्कारों की पहचान बने।

इस निर्णय के जरिए समाज को अपनी मूल संस्कृति, सादगी और सामाजिक समरसता की ओर लौटाने का संकल्प लिया गया है।


👨‍👩‍👧‍👦 पारिवारिक काउंसलिंग को मिलेगा बढ़ावा

बैठक में समाज में बढ़ती पारिवारिक समस्याओं और तलाक के मामलों पर चिंता जताई गई। इसे देखते हुए पारिवारिक काउंसलिंग को बढ़ावा देने का भी सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया, ताकि परिवारों में संवाद, समझ और संस्कार मजबूत हो सकें।


🤝 एकजुट होकर काम करने का संकल्प

प्रदेश साहू संघ ने तय किया कि समाज के संस्कार विकास, सामाजिक एकता और अनुशासन को मजबूत करने के लिए सभी पदाधिकारी और सदस्य एकजुट होकर कार्य करेंगे।

संघ ने दो टूक कहा कि जो परंपराएं समाज को कमजोर करती हैं, उन्हें किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा। समाज के प्रत्येक व्यक्ति से इन फैसलों का पालन करने और समाजहित में सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की गई।


👥 प्रदेशभर के पदाधिकारी रहे मौजूद

बैठक में प्रदेश अध्यक्ष डॉ. नीरेंद्र साहू, उपाध्यक्ष डॉ. तिलक साहू, सत्यप्रकाश साहू, साधना साहू, संगठन सचिव डॉ. सुनील साहू, चंद्रावती साहू, संयुक्त सचिव प्रदीप साहू, बीना साहू सहित रायपुर, धमतरी, महासमुंद, गरियाबंद, बलौदाबाजार, भिलाईनगर, बालोद, बेमेतरा, राजनांदगांव, कवर्धा, खैरागढ़, मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी, बिलासपुर, रायगढ़, कोरबा, सक्ती, जांजगीर-चांपा, सारंगढ़, मुंगेली, जीपीएम, कांकेर, जगदलपुर, दंतेवाड़ा, नारायणपुर, कोंडागांव, बीजापुर, सुकमा, सरगुजा, जशपुर, कोरिया, सूरजपुर, बलरामपुर, मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर सहित ओडिशा के गुवापाड़ा जिले के पदाधिकारी बड़ी संख्या में शामिल हुए।