March 5, 2026

डीजीजीआई रायपुर की बड़ी कार्रवाई, 14 करोड़ की जीएसटी चोरी मामले में संतोष वाधवानी गिरफ्तार

रायपुर। माल एवं सेवा कर आसूचना महानिदेशालय (डीजीजीआई) रायपुर जोनल यूनिट ने बड़ी प्रवर्तन कार्रवाई करते हुए संतोष वाधवानी को गिरफ्तार किया है। आरोपी अपने बेटे के नाम पर पंजीकृत फर्म मेसर्स विजय लक्ष्मी ट्रेड कंपनी का संचालन कर रहा था। उसे 29 जनवरी की रात करीब 9 बजे रायपुर से बड़े पैमाने पर कर चोरी के आरोप में गिरफ्तार किया गया।

जांच में सामने आया है कि मामले में करीब 80 करोड़ रुपये के फर्जी इनवॉइस जारी किए गए थे, जिसके जरिए लगभग 14 करोड़ रुपये की कर चोरी की गई। आरोपी पर बिना किसी वस्तु या सेवा की वास्तविक आपूर्ति किए फर्जी इनवॉइस के माध्यम से इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) का लाभ उठाने का आरोप है, जिससे सरकारी राजस्व को भारी नुकसान पहुंचा।

विश्वसनीय खुफिया जानकारी और डेटा एनालिटिक्स के आधार पर डीजीजीआई रायपुर जोनल यूनिट ने विस्तृत जांच की। इस दौरान आपूर्तिकर्ताओं के बैंक स्टेटमेंट, ई-वे बिल डेटा और अन्य वित्तीय लेनदेन की जांच के बाद यह निष्कर्ष निकाला गया कि आरोपी फर्जी इनवॉइस के जरिए अवैध रूप से आईटीसी का लाभ ले रहा था।

पर्याप्त सबूत मिलने के बाद, चूंकि आईटीसी की राशि 5 करोड़ रुपये से अधिक पाई गई, इसलिए आरोपी को सीजीएसटी अधिनियम 2017 की धारा 69 के तहत गिरफ्तार किया गया। यह अपराध अधिनियम की धारा 132 के अंतर्गत दंडनीय है। संतोष वाधवानी को रायपुर जिला न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। इसके बाद 30 जनवरी की शाम उसे रायपुर सेंट्रल जेल भेजा गया।

डीजीजीआई रायपुर जोनल यूनिट ने स्पष्ट किया है कि कर चोरी और अवैध वित्तीय गतिविधियों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। विभाग ने व्यापारियों से जीएसटी नियमों का सख्ती से पालन करने की अपील की है और धोखाधड़ी में शामिल लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी है। मामले में अन्य संभावित सहयोगियों की भूमिका की जांच अभी जारी है।