धमतरी।
नक्सल उन्मूलन अभियान के तहत धमतरी पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। लंबे समय से सक्रिय और 5 लाख रुपये की इनामी महिला नक्सली भूमिका उर्फ गीता उर्फ लता उर्फ सोमारी ने पुलिस अधीक्षक सूरज सिंह परिहार के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया है।
आत्मसमर्पण के बाद शासन की नीति के अनुरूप भूमिका को 50 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि प्रदान की गई है। इसके साथ ही उसे पुनर्वास योजना का लाभ भी दिया जाएगा।
▶ संगठन में अहम भूमिका निभा चुकी थी भूमिका
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, भूमिका
- नगरी एरिया कमेटी की सदस्य
- गोबरा LOS (लोकल ऑपरेटिंग स्क्वाड) की कमांडर
के रूप में कार्यरत थी। वह छत्तीसगढ़–ओडिशा सीमावर्ती इलाकों में माओवादी संगठन की एक अहम कड़ी मानी जाती थी।
▶ बीजापुर की रहने वाली है 37 वर्षीय नक्सली
मूल रूप से ग्राम पुसनार, थाना गंगालूर, जिला बीजापुर की रहने वाली 37 वर्षीय भूमिका पर शासन द्वारा 5 लाख रुपये का इनाम घोषित किया गया था। वह लंबे समय तक माओवादी संगठन से जुड़ी रही।
▶ संगठन से मोहभंग बना आत्मसमर्पण की वजह
पुलिस के अनुसार,
लंबे समय तक संगठन में रहने के दौरान भूमिका को
- संगठन के भीतर भेदभावपूर्ण व्यवहार
- हिंसा पर आधारित विचारधारा
- पारिवारिक और दांपत्य जीवन से वंचित रहना
जैसी परिस्थितियों का सामना करना पड़ा, जिससे वह मानसिक रूप से टूट चुकी थी। इन्हीं हालातों से क्षुब्ध होकर उसने हथियार छोड़ समाज की मुख्यधारा से जुड़ने का फैसला किया।
▶ पुलिस ने बताया नक्सल उन्मूलन नीति की सफलता
पुलिस प्रशासन ने इसे सरकार की आत्मसमर्पण एवं पुनर्वास नीति की बड़ी सफलता बताया है। अधिकारियों का कहना है कि ऐसी नीतियों से अन्य भटके हुए लोग भी हिंसा का रास्ता छोड़कर सामान्य जीवन की ओर लौट रहे हैं।
News Highlights
- धमतरी पुलिस को नक्सल उन्मूलन अभियान में बड़ी सफलता
- 5 लाख की इनामी महिला नक्सली भूमिका ने किया आत्मसमर्पण
- नगरी एरिया कमेटी सदस्य और LOS कमांडर रही भूमिका
- 50 हजार की प्रोत्साहन राशि और पुनर्वास लाभ
- संगठन से मोहभंग बना आत्मसमर्पण की वजह





