July 23, 2026

16 दिन बाद खत्म हुआ बिजली संविदा कर्मचारियों का आंदोलन, आश्वासन के बाद ड्यूटी पर लौटेंगे कर्मचारी

रायपुर। छत्तीसगढ़ विद्युत संविदा कर्मचारी संघ का 16 दिनों से जारी अनिश्चितकालीन आंदोलन मंगलवार को समाप्त हो गया। विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह और पावर कंपनी प्रबंधन के साथ हुई चर्चा में कर्मचारियों की मांगों पर सकारात्मक आश्वासन मिलने के बाद संघ ने आंदोलन वापस लेने की घोषणा की। संगठन ने सभी संविदा कर्मचारियों से बुधवार से अपने-अपने कार्यस्थलों पर पूर्ववत ड्यूटी जॉइन करने की अपील की है।

नियमितीकरण और समायोजन पर हुई चर्चा

आंदोलन समाप्त करने से पहले संघ के प्रतिनिधिमंडल ने विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह से मुलाकात कर नियमितीकरण एवं समायोजन की मांग पर विस्तार से चर्चा की। प्रतिनिधिमंडल में प्रदेश अध्यक्ष हरी चरण साहू, प्रदेश महामंत्री कमलेश भारद्वाज, संयुक्त महामंत्री योगेश साहू, पूर्व महामंत्री उमेश पटेल सहित अन्य पदाधिकारी शामिल रहे। प्रतिनिधिमंडल ने संविदा कर्मचारियों की लंबित मांगों और समस्याओं से विधानसभा अध्यक्ष को अवगत कराया।

डॉ. रमन सिंह ने दिया समाधान का भरोसा

बैठक के दौरान विधानसभा अध्यक्ष ने कर्मचारियों की मांगों को गंभीरता से सुनते हुए आश्वासन दिया कि उनकी जायज मांगों पर शासन और पावर कंपनी प्रबंधन स्तर पर प्राथमिकता से विचार किया जाएगा। उन्होंने ऊर्जा विभाग के प्रमुख सचिव से दूरभाष पर चर्चा कर मांगों की समीक्षा करने और जल्द समाधान का प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश भी दिए।

उपभोक्ताओं के हित में वापस लिया आंदोलन

संघ ने कहा कि सरकार की सकारात्मक पहल और मिले आश्वासन के बाद प्रदेशहित एवं आम उपभोक्ताओं को हो रही असुविधा को देखते हुए आंदोलन समाप्त करने का निर्णय लिया गया है। संगठन ने उम्मीद जताई कि सरकार नियमितीकरण और समायोजन की मांगों पर समयबद्ध निर्णय लेगी।

कर्मचारियों को मिलेगी राहत

संघ के अनुसार आंदोलन समाप्त होने के बाद कर्मचारियों को बिना शर्त कार्य पर वापसी, आंदोलन अवधि की वेतन कटौती में राहत, बीमा एवं कैशलेस चिकित्सा सुविधा सहित अन्य लाभ मिलने की उम्मीद है। करीब 16 दिनों तक चले आंदोलन के समाप्त होने से प्रदेश में बिजली व्यवस्था के सामान्य संचालन में भी राहत मिलने की संभावना है।