गरियाबंद। छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में रथयात्रा पर्व के दौरान लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के बीच बड़ा हादसा हो गया। उरमाल बाजार में बारिश से बचने के लिए लोग जिस पुराने ईंट-खपरे के होटल में शरण लिए हुए थे, वह अचानक भरभराकर ढह गया। हादसे के समय होटल के अंदर और आसपास मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों की तत्परता से राहत कार्य शुरू किया गया और घायलों को मलबे से निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया।
बारिश से कमजोर हुआ भवन, अचानक गिरा
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, हादसे के समय होटल के अंदर और आसपास 9 से अधिक लोग मौजूद थे। लगातार हो रही बारिश के कारण भवन काफी कमजोर हो चुका था। अचानक पूरी इमारत ढहने से लोग मलबे में दब गए और मौके पर चीख-पुकार मच गई। आसपास मौजूद लोगों ने बिना देर किए राहत कार्य शुरू किया और घायलों को सुरक्षित बाहर निकाला।
एक व्यक्ति की रीढ़ में चोट, अन्य को मामूली चोटें
सभी घायलों को तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र उरमाल ले जाया गया। अस्पताल के डॉक्टर पांडे ने बताया कि एक व्यक्ति की रीढ़ की हड्डी में चोट आई है, जिसे एक्स-रे और आगे की जांच के लिए भेजा गया है। बाकी सभी घायलों को सामान्य चोटें आई थीं, जिनका प्राथमिक उपचार करने के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।
घायलों में बच्चे भी शामिल
हादसे में घायल होने वालों में रोहित सिन्हा (28 वर्ष, ग्राम धोरकोट), प्रीतिवास (उरमाल), तिलेश्वर सोनवानी (बेहरामुड़ा), होरेंद्र सिंह मरकाम, उड़ीसा के बेहरामुड़ा निवासी एक व्यक्ति, दो वर्षीय एक बच्ची, चार वर्षीय एक बच्ची सहित अन्य लोग शामिल हैं।
प्रशासन ने शुरू की जांच
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन मौके पर पहुंचा और स्थिति का जायजा लिया। अधिकारियों ने भवन ढहने के कारणों की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक तौर पर लगातार बारिश के कारण भवन के कमजोर होने को हादसे की वजह माना जा रहा है। घटना के बाद पूरे इलाके में दहशत का माहौल है।





