नई दिल्ली। इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2026 के फाइनल को लेकर बड़ा फैसला सामने आया है। अब खिताबी मुकाबला बेंगलुरु के बजाय अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खेला जाएगा। बीसीसीआई ने इस बदलाव के पीछे कर्नाटक राज्य क्रिकेट एसोसिएशन (KSCA) की अतिरिक्त फ्री टिकट मांग को मुख्य कारण बताया है।
बीसीसीआई के एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार, आईपीएल प्रोटोकॉल के तहत मेजबान संघ को कुल स्टेडियम क्षमता का 15 प्रतिशत फ्री टिकट देने का नियम है। लेकिन KSCA ने इसके अलावा लगभग 10,000 अतिरिक्त फ्री टिकटों की मांग की थी, जिसमें स्थानीय विधायकों, विधान परिषद सदस्यों और राज्य सरकार के लिए भी टिकट शामिल थे।
बीसीसीआई सचिव देवजीत सैकिया ने मीडिया से बातचीत में बताया कि नियमों से अधिक टिकट मांगना स्वीकार्य नहीं था। इसी वजह से बोर्ड ने बेंगलुरु से मैच हटाकर न्यू चंडीगढ़ और अहमदाबाद को नया वेन्यू तय किया। प्लेऑफ मुकाबले अलग-अलग स्थानों पर कराए जाएंगे, जबकि फाइनल 31 मई को अहमदाबाद में होगा।
सैकिया के मुताबिक, आईपीएल नियमों के तहत हर मेजबान संघ को केवल 15 प्रतिशत सीटें ही मुफ्त टिकट के रूप में दी जाती हैं, लेकिन KSCA की मांग इससे काफी अधिक थी। बीसीसीआई ने इस पर ईमेल के जरिए स्पष्टीकरण मांगा था, जिसके जवाब में अतिरिक्त टिकटों की मांग की पुष्टि हुई।
इस फैसले के बाद कर्नाटक की राजनीति में भी हलचल देखने को मिली। विधानसभा में विपक्ष ने सरकार पर सवाल उठाए कि इतने बड़े पैमाने पर अतिरिक्त मुफ्त टिकटों की मांग किस आधार पर की गई। भाजपा विधायकों ने इसे लेकर सरकार को घेरा और पारदर्शिता पर सवाल उठाए।
अब फाइनल मुकाबला अहमदाबाद में होने से क्रिकेट प्रेमियों की नजरें इस हाई-वोल्टेज मुकाबले पर टिक गई हैं, जबकि विवाद ने टूर्नामेंट के अंतिम चरण को और भी चर्चित बना दिया है।





