जांजगीर-चांपा। छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले में 27 से 29 जनवरी की रात 5 जगहों पर लूटपाट और मारपीट की घटनाएं सामने आईं। पामगढ़ और शिवरीनारायण थाना क्षेत्र में हुई इन वारदातों में कुल 13 लोग घायल हुए हैं, जिनमें से दो की स्थिति गंभीर बनी हुई है।
पुलिस ने अब तक दो नाबालिग समेत 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। वहीं, इन वारदातों के मास्टरमाइंड को पकड़ने गई पुलिस पर उसने फायरिंग की। जवाबी कार्रवाई में आरोपी के पैर में गोली लगी और उसे गिरफ्तार कर लिया गया।

क्रूर और संगठित गिरोह
जांच में सामने आया कि आरोपी गिरोह सुनसान और अंधेरे रास्तों पर मोटरसाइकिल से घूमकर राहगीरों पर हमला करता था। रॉड, लोहे के पाइप और डंडों से हमला कर मोबाइल और नकदी लूट ली जाती थी।
शिवरीनारायण क्षेत्र के ग्राम कचंदा में तीन घटनाओं में कई युवक गंभीर रूप से घायल हुए। पामगढ़ क्षेत्र में जोगिया नाला पुल, ग्राम मेउ और चेऊडीह में अलग-अलग वारदातों में मोबाइल और नकदी लूटी गई।
मुठभेड़ में मास्टरमाइंड घायल
बोड़सरा गांव में रविवार सुबह पुलिस और मास्टरमाइंड के बीच मुठभेड़ हुई। आरोपी ने पुलिस पर गोली चलाई, जवाबी कार्रवाई में पैर में गोली लगी। आरोपी को उपचार के बाद गिरफ्तार किया गया। दो नाबालिग भी हिरासत में हैं।

जप्त सामान और कार्रवाई
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 3 मोटरसाइकिल, 1 स्कूटी, 7 मोबाइल फोन, नकदी और स्टील रॉड, डंडे, बेल्ट सहित कुल करीब 4.09 लाख रुपये की संपत्ति जब्त की। आरोपियों के खिलाफ थाना शिवरीनारायण और पामगढ़ में विभिन्न धाराओं के तहत प्रकरण दर्ज कर उन्हें न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है।
जांजगीर एसपी विजय कुमार पाण्डेय ने बताया कि गिरोह का अपराध पैटर्न क्रूर और संगठित था, लगातार हमलों से क्षेत्र में भय का माहौल बनाना इसका उद्देश्य था।





