September 4, 2026

जतमई-घटारानी में श्रद्धालुओं को निशाना बनाने वाली नागपुर की महिला चोर गैंग पकड़ी गई, 7 गिरफ्तार

गरियाबंद/महासमुंद। सावन में जतमई, घटारानी और राजिम धाम पहुंचने वाले श्रद्धालुओं को निशाना बनाने वाली नागपुर की महिला चोर गैंग का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। पुलिस ने 7 महिलाओं को गिरफ्तार किया है। आरोपी महिलाएं कार से धार्मिक स्थलों की रेकी करती थीं और भीड़ का फायदा उठाकर श्रद्धालुओं के सोने के गहने और पर्स चोरी करती थीं।

जतमई धाम में महिला के गले से उड़ाई 3 लाख की चेन

मामला 9 अगस्त का है। आरंग निवासी नीलम चक्रधर जतमई धाम दर्शन के लिए पहुंची थीं। इसी दौरान भीड़ का फायदा उठाकर उनके गले से करीब 2 तोले की सोने की चेन चोरी कर ली गई। चेन की कीमत करीब 3 लाख रुपये बताई गई है।

घटना के बाद महिला ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मंदिर परिसर और आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली।

CCTV और कार नंबर से पहुंची पुलिस

CCTV फुटेज में संदिग्ध महिलाओं और उनकी कार की जानकारी सामने आई। कार के नंबर के आधार पर पुलिस ने महासमुंद के पास नाकेबंदी कर MP 49 SB 2471 नंबर की कार को रोका।

कार की तलाशी लेने पर चोरी का सामान बरामद हुआ। पुलिस ने कार में सवार 7 संदिग्ध महिलाओं को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की।

नागपुर और आसपास की रहने वाली हैं आरोपी

पूछताछ में सभी महिलाओं के महाराष्ट्र के नागपुर और आसपास के क्षेत्र की रहने वाली होने की जानकारी सामने आई। पुलिस के अनुसार आरोपियों के नाम रोनक पातनकर (30), सीमा पात्रे (40), विद्या उफाड़े (30), मुस्कान पात्रे (26), मीना खवड़े (35), नंदिनी पात्रे (30) और छाया उफाड़े (50) हैं।

धार्मिक स्थलों पर पहले करती थीं रेकी

पुलिस के मुताबिक, आरोपी महिलाएं कार से धार्मिक स्थलों पर पहुंचकर पहले भीड़ और सुरक्षा व्यवस्था की रेकी करती थीं। इसके बाद भीड़भाड़ वाले स्थानों पर महिलाओं को निशाना बनाकर उनके गले और कान से सोने के गहने तथा पर्स पार कर देती थीं।

पुलिस को आशंका है कि यह गिरोह किसी बड़े अंतरराज्यीय चोरी गिरोह से जुड़ा हो सकता है। पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर उनके पुराने मामलों और अन्य वारदातों के संबंध में जानकारी जुटा रही है।

मंदिरों में बढ़ाई गई सुरक्षा

घटना के बाद जतमई धाम में श्रद्धालुओं के बीच चोरी की घटनाओं को लेकर चिंता बढ़ गई है। कई महिलाएं अब दर्शन के दौरान आर्टिफिशियल गहने पहनकर पहुंच रही हैं। पुलिस ने प्रमुख मंदिरों और धार्मिक स्थलों के आसपास सुरक्षा बढ़ाने के साथ ही सादी वर्दी में पुलिस जवानों की तैनाती शुरू कर दी है।