U20 World Championship: भारतीय महिला रेसलर काजल ढोचक ने शानदार प्रदर्शन करते हुए दूसरी बार U20 वर्ल्ड चैंपियनशिप का गोल्ड मेडल अपने नाम कर इतिहास रच दिया है। काजल ने 76 किलोग्राम कैटेगरी के फाइनल में चीन की जिंगरू सन को 7-0 से हराकर खिताब जीता।
काजल, अंतिम पंघाल के बाद दो बार U20 वर्ल्ड चैंपियनशिप का गोल्ड मेडल जीतने वाली दूसरी भारतीय रेसलर बन गई हैं। इससे पहले उन्होंने 2025 U20 वर्ल्ड चैंपियनशिप में 72 किलोग्राम कैटेगरी में लियू युकी को हराकर गोल्ड जीता था।
पूरे टूर्नामेंट में नहीं गंवाया एक भी पॉइंट
काजल ढोचक ने पूरे टूर्नामेंट में दबदबा बनाए रखा और एक भी पॉइंट गंवाए बिना चैंपियन बनीं। उन्होंने शुरुआत जापान की मियू ताकायामा के खिलाफ 8-0 की जीत से की।
इसके बाद काजल ने एल्मिरा यासिन को 14-0 से हराया। सेमीफाइनल में उनका सामना अमेरिका की पाइपर फाउलर से हुआ, जहां उन्होंने 6-0 से जीत दर्ज कर फाइनल में जगह बनाई। खिताबी मुकाबले में भी काजल ने शानदार प्रदर्शन करते हुए चीन की जिंगरू सन को 7-0 से मात दी।
कौन हैं काजल ढोचक?
काजल ढोचक हरियाणा के सोनीपत जिले के लाठ गांव की रहने वाली हैं। वह एक ऐसे परिवार से आती हैं, जिसकी रेसलिंग में मजबूत पृष्ठभूमि रही है। उनके चाचा कृष्ण ढोचक इंटरनेशनल रेसलर रह चुके हैं और उन्होंने ही काजल को कम उम्र में कुश्ती से परिचित कराया।
काजल के पिता रविंदर ड्राइवर हैं, जबकि उनकी मां बबीता गृहिणी हैं। कम उम्र से ही कुश्ती में पहचान बनाने वाली काजल ने अलग-अलग आयु वर्ग की प्रतियोगिताओं में लगातार शानदार प्रदर्शन किया है।
कम उम्र में हासिल किए कई बड़े खिताब
काजल ने 2022 में 66 किलोग्राम कैटेगरी में U15 एशियन रेसलिंग चैंपियनशिप का खिताब जीता था। इसके बाद 2023 में 73 किलोग्राम कैटेगरी में U17 एशियन चैंपियन बनीं।
2024 में उन्होंने 69 किलोग्राम कैटेगरी में U17 वर्ल्ड चैंपियनशिप का गोल्ड जीता। इसके बाद 2025 में 72 किलोग्राम कैटेगरी में U20 वर्ल्ड चैंपियन बनीं।
76 किलो कैटेगरी में भी जारी रखा दबदबा
76 किलोग्राम कैटेगरी में आने के बाद भी काजल की जीत का सिलसिला जारी रहा। उन्होंने 2026 में U23 और U20 एशियन खिताब जीते। इसके अलावा हंगरी और मंगोलिया में रैंकिंग सीरीज में भी गोल्ड मेडल हासिल किए।
हाल ही में काजल ने 2026 बुडापेस्ट रैंकिंग सीरीज का खिताब भी अपने नाम किया। फाइनल मुकाबला अमेरिका की डायमंड गिलफोर्ड के खिलाफ 3-3 से बराबरी पर रहा, लेकिन काजल ने क्राइटेरिया के आधार पर जीत दर्ज की।
काजल ढोचक की लगातार सफलता भारतीय कुश्ती के लिए बड़ी उपलब्धि है और वह आने वाले वर्षों में सीनियर स्तर पर भी देश के लिए बड़ी उम्मीद बनकर उभर रही हैं।





