July 23, 2026

नकटी गांव मामले में कांग्रेस पर बरसे मंत्री केदार कश्यप, बोले- लोगों को भड़काने का कर रही काम

रायपुर। नकटी गांव भूमि विवाद को लेकर जारी राजनीतिक बयानबाजी के बीच वन एवं सहकारिता मंत्री केदार कश्यप ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने दावा किया कि जमीन आवंटन और अतिक्रमण हटाने की प्रक्रिया कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में शुरू हुई थी, जबकि वर्तमान सरकार प्रभावित परिवारों के पुनर्वास के लिए मानवीय दृष्टिकोण से काम कर रही है।

भाजपा प्रदेश कार्यालय एकात्म परिसर में आयोजित प्रेस वार्ता में मंत्री केदार कश्यप ने भाजपा प्रदेश महामंत्री अखिलेश सोनी और प्रवक्ता गौरीशंकर श्रीवास के साथ कांग्रेस पर भ्रामक जानकारी फैलाने और लोगों को भड़काने का आरोप लगाया।

कांग्रेस शासनकाल में शुरू हुई थी प्रक्रिया

मंत्री कश्यप ने बताया कि नकटी गांव की भूमि के आवंटन की मांग 1 सितंबर 2020 को की गई थी, जब प्रदेश में कांग्रेस की सरकार थी। इसके तहत 15.47 हेक्टेयर भूमि आवंटन की प्रक्रिया शुरू हुई। 9 नवंबर 2020 को आपत्तियां आमंत्रित की गईं और 4 फरवरी 2021 को विभिन्न विभागों से राय मांगी गई, लेकिन किसी विभाग ने आपत्ति दर्ज नहीं कराई।

उन्होंने कहा कि 26 जून 2021 को भी संबंधित भूमि को आवंटन के लिए प्रस्तावित बताया गया था। ऐसे में वर्तमान सरकार पर लगाए जा रहे आरोप तथ्यहीन हैं।

अतिक्रमण बढ़ने का लगाया आरोप

केदार कश्यप ने कहा कि कांग्रेस सरकार के दौरान ही अतिक्रमण हटाने की प्रक्रिया शुरू हुई थी, लेकिन उसी दौरान अतिक्रमण भी बढ़ता गया। उनके अनुसार चिन्हांकन के समय लगभग 3 हेक्टेयर क्षेत्र में अतिक्रमण था, जो बाद में बढ़कर करीब 15 हेक्टेयर तक पहुंच गया।

उन्होंने आरोप लगाया कि जिला प्रशासन की कार्रवाई के दौरान कांग्रेस ने लोगों को उकसाने और विरोध प्रदर्शन कराने का प्रयास किया।

पुनर्वास को लेकर सरकार का दावा

मंत्री ने कहा कि पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में ग्राम सेरीखेड़ी में करीब 150 परिवारों को हटाया गया था, लेकिन उनके पुनर्वास की कोई व्यवस्था नहीं की गई। इसके विपरीत वर्तमान सरकार ने नकटी गांव के प्रभावित परिवारों को नया रायपुर में आवास उपलब्ध कराए हैं और उन्हें सम्मानपूर्वक वहां बसाने की व्यवस्था की है।

हाउसिंग बोर्ड के लिए प्रस्तावित है भूमि

कांग्रेस के उस आरोप पर कि जमीन का उपयोग विधायकों के आवास निर्माण के लिए किया जाएगा, मंत्री कश्यप ने कहा कि संबंधित भूमि हाउसिंग बोर्ड को प्रस्तावित की गई है। अंतिम उपयोग का निर्णय हाउसिंग बोर्ड करेगा।

उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय प्रभावित परिवारों के मुद्दे को संवेदनशीलता के साथ देख रहे हैं और सरकार की स्पष्ट नीति है कि किसी भी गरीब के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा।