July 31, 2026

कोटवारों ने सरकार के खिलाफ खोला मोर्चा, नियमितीकरण समेत पांच मांगों का सौंपा ज्ञापन

महासमुंद। अपनी वर्षों पुरानी लंबित मांगों को लेकर कोटवारों ने सरकार के खिलाफ आवाज बुलंद कर दी है। कोटवार एसोसिएशन ऑफ छत्तीसगढ़ की महासमुंद तहसील इकाई ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नाम एसडीएम को ज्ञापन सौंपकर नियमितीकरण, वेतन वृद्धि, सामाजिक सुरक्षा और बेगार प्रथा पर रोक सहित पांच प्रमुख मांगें रखी हैं।

ज्ञापन में संघ ने कहा कि कोटवार लंबे समय से शासन-प्रशासन और ग्रामीण व्यवस्था की महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभा रहे हैं, लेकिन आज तक उन्हें नियमित कर्मचारी का दर्जा, सम्मानजनक वेतन, पेंशन और ग्रेच्युटी जैसी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध नहीं कराई गई हैं।

कोटवार संघ ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले का हवाला देते हुए राजस्व विभाग में संविलियन और नियमितीकरण की मांग की है। साथ ही सेवा भूमि के आधार पर 8 हजार से 15 हजार रुपये तक मासिक वेतन निर्धारित करने, नियुक्तियों में भ्रष्टाचार पर रोक लगाने, सेवानिवृत्त कोटवारों के पात्र परिजनों को प्राथमिकता देने, बेगार प्रथा समाप्त करने और नगर पालिका क्षेत्रों में कोटवारों की नियुक्ति पर लगी रोक हटाने की मांग भी की है।

संघ ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो आने वाले समय में आंदोलन को और तेज किया जाएगा।