रायपुर। नकटी गांव में प्रस्तावित विधायक कॉलोनी के लिए की जा रही प्रशासनिक कार्रवाई को लेकर सियासी विवाद गहराता जा रहा है। बिंद्रानवागढ़ विधायक जनक राम ध्रुव के बाद अब सरायपाली से कांग्रेस विधायक चातुरी नंद ने भी नकटी गांव में बनने वाली विधायक कॉलोनी में सरकारी आवास लेने से इनकार कर दिया है। उन्होंने इस संबंध में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को पत्र लिखकर अपनी आपत्ति दर्ज कराई है।
पत्र में विधायक चातुरी नंद ने बारिश के मौसम में गरीब परिवारों के घरों पर बुलडोजर कार्रवाई की निंदा करते हुए कहा कि सरकार के पास नवा रायपुर में पर्याप्त शासकीय भूमि उपलब्ध है, जहां आधुनिक और सुव्यवस्थित विधायक कॉलोनी का निर्माण किया जा सकता है। उनका कहना है कि इससे गरीब परिवारों को बेघर होने की नौबत नहीं आएगी।
कार्रवाई रोकने और पुनर्वास की मांग
विधायक ने मुख्यमंत्री से नकटी गांव में चल रही कार्रवाई पर तत्काल रोक लगाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि गरीबों का आशियाना उजाड़कर विधायकों के लिए आवास बनाना उचित नहीं है। प्रभावित परिवारों के पुनर्वास और उचित मुआवजे की व्यवस्था सुनिश्चित की जानी चाहिए।
साथ ही उन्होंने सुझाव दिया कि प्रस्तावित विधायक कॉलोनी का निर्माण नवा रायपुर या किसी अन्य उपयुक्त शासकीय भूमि पर किया जाए।
जनक राम ध्रुव भी उठा चुके हैं मांग
इससे पहले बिंद्रानवागढ़ से कांग्रेस विधायक जनक राम ध्रुव भी मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को पत्र लिखकर नकटी गांव के बजाय नवा रायपुर में विधायक कॉलोनी विकसित करने की मांग कर चुके हैं। कांग्रेस के लगातार दूसरे विधायक के इस रुख के बाद नकटी गांव का मामला राजनीतिक चर्चा का विषय बन गया है।






