रायपुर। मंत्रालय महानदी भवन में छत्तीसगढ़ प्रतिपूरक वनरोपण निधि प्रबंधन एवं योजना प्राधिकरण (कैम्पा) की नवमीं बैठक मुख्य सचिव विकासशील की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई। बैठक में वर्ष 2024-25 और 2025-26 के कार्यों की समीक्षा के साथ आगामी योजनाओं पर महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।
बैठक में मुख्य सचिव ने वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग को निर्देश दिए कि कैम्पा मद के अंतर्गत वन क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं का विकास प्राथमिकता से किया जाए। इसमें पुल-पुलिया, मार्ग निर्माण और आवश्यक भवनों के कार्य शामिल हैं।

उन्होंने विशेष रूप से नक्सल मुक्त क्षेत्रों में अधोसंरचना विकास को तेज करने के निर्देश दिए, ताकि इन क्षेत्रों में शासन की पहुंच मजबूत हो और विकास कार्यों में तेजी लाई जा सके।
2026-27 की कार्ययोजना
बैठक में बताया गया कि वर्ष 2026-27 के लिए 713 करोड़ 73 लाख रुपये की वार्षिक कार्ययोजना तैयार कर भारत सरकार के पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय को अंतिम स्वीकृति के लिए भेजा गया है।

वनीकरण और संरक्षण पर जोर
कैम्पा मद के तहत सिंचित एवं असिंचित वृक्षारोपण, बांस वनों की पुनर्स्थापना, वनों के घनत्व में वृद्धि के लिए सिल्वीकल्चरल कार्य, वन्यजीव आवास सुधार और भू-जल संरक्षण के कार्य किए जा रहे हैं।
समयसीमा में कार्य पूर्ण करने के निर्देश
मुख्य सचिव ने आगामी मानसून को देखते हुए सभी वनीकरण और जल संरक्षण कार्यों को समय पर पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बारिश से पहले आवश्यक कार्य हर हाल में पूरे किए जाएं।
बैठक में वन विभाग की अपर मुख्य सचिव ऋचा शर्मा, पीसीसीएफ व्ही. श्रीनिवास राव, अरुण पांडे, प्रमुख सचिव शहला निगार, वित्त सचिव मुकेश बंसल सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।





