रायपुर। राजधानी रायपुर को आधुनिक, सुव्यवस्थित और जनकेंद्रित शहर के रूप में विकसित करने के लिए राज्य सरकार ने 2040 तक का समग्र विकास ब्लू प्रिंट तैयार किया है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की मंशानुरूप तैयार इस योजना के तहत अगले 15 वर्षों में 12,692 करोड़ रुपये की लागत से बुनियादी और आधुनिक अधोसंरचना का विकास किया जाएगा।
मुख्यमंत्री साय की अध्यक्षता में आयोजित उच्चस्तरीय बैठक में राजधानी के समग्र विकास को लेकर विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया गया, जिसमें विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी शामिल रहे।
🌧️ जलभराव से स्थायी राहत: 1500 करोड़ का अंडरग्राउंड सीवरेज सिस्टम
बरसात के मौसम में जलभराव और नालियों के ओवरफ्लो की समस्या से निजात दिलाने के लिए 1500 करोड़ रुपये की लागत से आधुनिक अंडरग्राउंड सीवरेज सिस्टम बनाया जाएगा।
- नया सीवरेज चैनल विकसित होगा
- ड्राइंग-डिजाइन स्थायी रिकॉर्ड के रूप में तैयार होगी
- भविष्य में ड्रेनेज सिस्टम से जुड़ी जानकारी सहज उपलब्ध रहेगी
🚰 पेयजल व्यवस्था होगी मजबूत
- डूंडा में 130 करोड़ रुपये की लागत से
- 100–150 एमएलडी क्षमता का नया फिल्टर प्लांट
- अगले 14–15 वर्षों की बढ़ती आबादी की जरूरतों को करेगा पूरा
🚧 सड़क, परिवहन और व्यावसायिक विकास
- पंडरी बस स्टैंड में 250 करोड़ से आधुनिक व्यावसायिक कॉम्प्लेक्स
- एक्सप्रेस वे (टेमरी)–वीआईपी रोड फोरलेन: 156 करोड़
- संग–उरकुरा रोड निर्माण: 186 करोड़
⚡ अंडरग्राउंड केबलिंग और खारुन रिवर फ्रंट
- 450 करोड़ की लागत से पूरे शहर में अंडरग्राउंड बिजली केबलिंग
- खारुन रिवर फ्रंट का निर्माण: 131 करोड़
- पर्यटन और शहर की सुंदरता को मिलेगा नया आयाम
🏙️ 2040 तक का विजन डॉक्यूमेंट
लोक निर्माण विभाग, नगर निगम, जल संसाधन विभाग, बिजली कंपनी, हाउसिंग बोर्ड और RDA मिलकर
12,691.96 करोड़ रुपये की योजनाओं को चरणबद्ध रूप से लागू करेंगे।
🗣️ मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय
मुख्यमंत्री ने कहा—
“रायपुर को मेट्रो सिटी की तर्ज पर विकसित किया जाएगा। कनेक्टिविटी, शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, सड़क, पेयजल, बिजली और संचार सुविधाओं पर विशेष फोकस रहेगा।
नगरीय निकायों को पहले से ढाई गुना अधिक संसाधन दिए जाएंगे और विकास कार्यों में फंड की कोई कमी नहीं होगी।”
यह मास्टर प्लान रायपुर को आधुनिक, सुविधाजनक और भविष्य के लिए तैयार राजधानी बनाने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम माना जा रहा है।





