January 16, 2026

23 से 25 जनवरी तक ‘रायपुर साहित्य उत्सव–2026’, नवा रायपुर बनेगा साहित्य और संस्कृति का संगम

रायपुर। छत्तीसगढ़ की साहित्यिक और सांस्कृतिक विरासत को नई पहचान देने तथा देशभर के साहित्यकारों, चिंतकों, कलाकारों और पाठकों को एक मंच पर लाने के उद्देश्य से ‘रायपुर साहित्य उत्सव–2026’ का आयोजन 23, 24 और 25 जनवरी को किया जा रहा है। तीन दिवसीय इस महोत्सव का केंद्रीय विचार ‘आदि से अनादि तक’ रखा गया है, जो भारत की समृद्ध साहित्यिक परंपरा की निरंतरता और विकास को रेखांकित करता है।

यह प्रतिष्ठित आयोजन अटल नगर नवा रायपुर स्थित पुरखौती मुक्तांगन में होगा, जहां तीन दिनों तक साहित्य, कला और संस्कृति की त्रिवेणी प्रवाहित होती रहेगी।


भव्य उद्घाटन से होगी शुरुआत

रायपुर साहित्य उत्सव का शुभारंभ 23 जनवरी को भव्य उद्घाटन समारोह के साथ होगा। इस अवसर पर छत्तीसगढ़ सरकार के मंत्रीगण, प्रतिष्ठित साहित्यकार और सांस्कृतिक क्षेत्र की प्रमुख हस्तियां मौजूद रहेंगी, जिससे उत्सव को गरिमामय शुरुआत मिलेगी।


देशभर के साहित्यकार और विचारक होंगे शामिल

साहित्य उत्सव में देश के विभिन्न हिस्सों से आए प्रसिद्ध साहित्यकार, कवि, लेखक, पत्रकार, विचारक और युवा रचनाकार मंच साझा करेंगे। कार्यक्रम के दौरान—

  • साहित्यिक संवाद
  • पुस्तक विमोचन
  • विचार-मंथन
  • सांस्कृतिक प्रस्तुतियां
  • कला प्रदर्शन
    आयोजित किए जाएंगे।

युवाओं में खासा उत्साह, 4 हजार से अधिक पंजीकरण

इस उत्सव की विशेषता यह है कि नई पीढ़ी के लेखकों और कवियों को सशक्त मंच दिया जा रहा है। युवाओं को साहित्य से जोड़ने के लिए विशेष युवा-केंद्रित सत्र रखे गए हैं। सोशल मीडिया के माध्यम से व्यापक सहभागिता देखने को मिल रही है और अब तक 4,000 से अधिक पंजीकरण हो चुके हैं।


भव्य पुस्तक मेला और लेखक–पाठक संवाद

उत्सव के दौरान एक भव्य पुस्तक मेला आयोजित किया जाएगा, जिसमें स्थानीय और राष्ट्रीय स्तर के प्रतिष्ठित प्रकाशक भाग लेंगे। यहां—

  • नई पुस्तकों का विमोचन
  • पुस्तकों की प्रदर्शनी व बिक्री
  • लेखकों और पाठकों के बीच सीधा संवाद
    का अवसर मिलेगा।

लोक संस्कृति और सांस्कृतिक प्रस्तुतियां

लोकनृत्य, लोकगीत और छत्तीसगढ़ी सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से दर्शकों को राज्य की जीवंत लोकसंस्कृति से रूबरू कराया जाएगा। रंग, संगीत और परंपराओं का अनूठा संगम इस उत्सव को और आकर्षक बनाएगा।


संवाद सत्र और कवि सम्मेलन

उत्सव के दौरान पत्रकारों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और विचारकों के साथ खुले संवाद सत्र आयोजित होंगे, जिनमें समकालीन विषयों पर विचार-विमर्श किया जाएगा। साथ ही, विख्यात कवियों की मौजूदगी में कवि सम्मेलन का आयोजन होगा, जो श्रोताओं को साहित्यिक रसास्वादन कराएगा।


रायपुर साहित्य उत्सव–2026 छत्तीसगढ़ को राष्ट्रीय साहित्यिक मानचित्र पर नई पहचान दिलाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।