May 14, 2026

राजनांदगांव में NHM कर्मचारियों में नाराजगी, आधार आधारित उपस्थिति आदेश पर विवाद

राजनांदगांव। National Health Mission (एनएचएम) कर्मचारियों के लिए जारी एक आदेश को लेकर स्वास्थ्य विभाग में विवाद गहरा गया है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) कार्यालय की ओर से जारी निर्देश में केवल एनएचएम कर्मचारियों के लिए आधार आधारित उपस्थिति अनिवार्य किए जाने और उसी आधार पर वेतन आहरण करने की बात कही गई है। आदेश सामने आने के बाद कर्मचारियों में भारी नाराजगी देखने को मिल रही है।

‘एक विभाग, दो नियम’ का आरोप

एनएचएम कर्मचारियों का आरोप है कि स्वास्थ्य सचिव द्वारा पूर्व में जारी निर्देशों में विभाग के सभी नियमित और संविदा कर्मचारियों के लिए आधार आधारित उपस्थिति व्यवस्था लागू करने की बात कही गई थी। इसके बावजूद केवल एनएचएम कर्मचारियों पर यह नियम लागू करना दोहरी नीति और भेदभावपूर्ण रवैये को दर्शाता है।

कर्मचारियों का कहना है कि यदि बायोमेट्रिक या आधार अटेंडेंस व्यवस्था लागू करनी है तो उसे विभाग के सभी कर्मचारियों पर समान रूप से लागू किया जाना चाहिए। उनका आरोप है कि चयनित रूप से केवल संविदा कर्मचारियों पर सख्ती करना अनुचित है।

कर्मचारी संगठनों में बढ़ा असंतोष

आदेश जारी होने के बाद स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारी संगठनों में भी नाराजगी बढ़ गई है। सोशल मीडिया पर भी यह मामला तेजी से चर्चा में है, जहां कई कर्मचारियों ने विभाग पर पक्षपातपूर्ण रवैया अपनाने के आरोप लगाए हैं।

एनएचएम कर्मचारी संघ के प्रदेश प्रवक्ता Puran Das ने आदेश का विरोध करते हुए कहा कि विभागीय नियम सभी कर्मचारियों पर समान रूप से लागू होने चाहिए। सिर्फ एनएचएम कर्मचारियों को निशाना बनाना उचित नहीं है।

आंदोलन की तैयारी

सूत्रों के मुताबिक, इस मुद्दे को लेकर कर्मचारियों के बीच लामबंदी शुरू हो गई है। आने वाले दिनों में कर्मचारी संघ इस आदेश के खिलाफ ज्ञापन सौंप सकते हैं या आंदोलन का रास्ता अपना सकते हैं।

अब बड़ा सवाल यही उठ रहा है कि जब स्वास्थ्य विभाग के लिए नियम एक समान तय हैं, तो फिर केवल एनएचएम कर्मचारियों पर ही यह सख्ती क्यों की जा रही है।