July 23, 2026

Russia-Ukraine War: NATO बैठक से पहले रूस का कीव पर भीषण हमला, यूक्रेन ने रूसी रिफाइनरी पर किया पलटवार

कीव/मॉस्को। रूस और यूक्रेन के बीच जारी युद्ध एक बार फिर तेज होता नजर आ रहा है। NATO शिखर सम्मेलन से ठीक पहले रूस ने यूक्रेन की राजधानी कीव पर रातभर मिसाइल और ड्रोन से भीषण हमला किया। इस हमले में कई लोगों की मौत हो गई, जबकि बड़ी संख्या में लोग घायल हुए। जवाबी कार्रवाई में यूक्रेन ने रूस के यारोस्लाव्ल स्थित ऑयल रिफाइनरी पर हमला करने का दावा किया है, जिससे वहां भारी नुकसान होने की बात कही गई है।

चार साल से अधिक समय से जारी इस युद्ध के बीच फिलहाल शांति की कोई संभावना नजर नहीं आ रही है। दोनों देशों के बीच लगातार जवाबी हमले जारी हैं, जिससे क्षेत्र में तनाव और बढ़ गया है।

ट्रंप-पुतिन की बातचीत के बाद तेज हुए हमले

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से करीब 90 मिनट तक फोन पर बातचीत की। अमेरिका के स्वतंत्रता दिवस की 250वीं वर्षगांठ के अवसर पर हुई इस बातचीत में ट्रंप ने यूक्रेन युद्ध समाप्त कराने में मदद की पेशकश की। वहीं पुतिन ने ट्रंप को अमेरिका के स्वतंत्रता दिवस की बधाई दी। क्रेमलिन ने इस बातचीत को सकारात्मक बताया।

हालांकि, बातचीत के कुछ ही घंटों बाद रूस ने कीव पर बड़े पैमाने पर मिसाइल और ड्रोन हमले शुरू कर दिए। यह एक सप्ताह के भीतर यूक्रेन की राजधानी पर दूसरा बड़ा हमला था।

68 मिसाइलों और ड्रोन से दागा हमला

यूक्रेनी अधिकारियों के अनुसार, रूस ने राजधानी कीव पर बैलिस्टिक और क्रूज मिसाइलों के साथ बड़ी संख्या में ड्रोन से हमला किया। रिपोर्ट के मुताबिक, हमले में 68 मिसाइलों का इस्तेमाल किया गया। इस हमले में कम से कम आठ लोगों की मौत हुई, जबकि कई अन्य घायल हुए।

यूक्रेन का पलटवार, रूसी रिफाइनरी को बनाया निशाना

रूसी हमले के जवाब में यूक्रेन के रक्षा मंत्रालय ने दावा किया कि उसने रूस के यारोस्लाव्ल ऑयल रिफाइनरी पर सफल हमला किया है। यूक्रेन का कहना है कि इस हमले के बाद रिफाइनरी में आग लग गई और उसे भारी नुकसान पहुंचा। यह रिफाइनरी यूक्रेन-रूस सीमा से लगभग 2,500 किलोमीटर दूर स्थित है।

यूक्रेन ने यह भी दावा किया कि मॉस्को की ईंधन आपूर्ति चार प्रमुख रिफाइनरियों पर निर्भर थी, जिनमें से तीन पहले ही क्षतिग्रस्त होकर बंद हो चुकी हैं। ताजा हमले के बाद चौथी प्रमुख रिफाइनरी भी प्रभावित हुई है। हालांकि, रूस की ओर से इस दावे की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।