July 23, 2026

पत्नी की प्रताड़ना पर समझाइश देने पहुंचे रिश्तेदारों पर फायरिंग, दो आरोपी अवैध हथियारों सहित गिरफ्तार

सक्ती। छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले में घरेलू विवाद के एक मामले ने हिंसक रूप ले लिया। पत्नी से मारपीट और प्रताड़ना को लेकर समझाइश देने पहुंचे रिश्तेदारों पर सरेराह फायरिंग किए जाने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी और उसके साथी को अवैध हथियारों सहित गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।

पत्नी से मारपीट की शिकायत पर पहुंचे थे रिश्तेदार

पुलिस के अनुसार, जांजगीर-चांपा जिले के बालपुर गांव निवासी अजय सिंह गोड़ (36) ने शिकायत दर्ज कराई कि वह 4 मई को अपने चाचा ससुर महंगु गोड़ के बुलावे पर कर्रापाली गांव पहुंचा था। वहां उसे जानकारी मिली कि उसकी रिश्तेदार तीजबाई के साथ उसका पति दिलेश्वर सिदार आए दिन मारपीट और प्रताड़ना करता है। इसके बाद अजय अपने परिजनों के साथ दिलेश्वर को समझाने उसके घर गया था।

गांव के बाहर रोककर की फायरिंग

समझाइश के दौरान नाराज होकर दिलेश्वर सिदार वहां से चला गया। शाम करीब 5:30 बजे जब अजय और उसके साथी वापस लौट रहे थे, तभी कर्रापाली गांव के बाहर तालाब के पास दिलेश्वर सिदार और उसका साथी सोमदेव सिदार हथियारों के साथ पहुंच गए और उनका रास्ता रोक लिया।

झुकने से बची जान

आरोप है कि दोनों ने गाली-गलौज शुरू कर दी और इसी दौरान दिलेश्वर ने फायरिंग कर दी। गोली चलने पर सभी लोग नीचे झुक गए, जिससे वे बाल-बाल बच गए। घटना के दौरान सोमदेव सिदार भी कट्टा लहराते हुए जान से मारने की धमकी देता रहा।

पुलिस ने तत्काल की कार्रवाई

घटना की सूचना मिलते ही सक्ती पुलिस हरकत में आई। पुलिस अधीक्षक प्रफुल्ल कुमार ठाकुर के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पंकज पटेल और एसडीओपी डॉ. भुनेश्वरी पैकरा के मार्गदर्शन में विशेष टीम गठित कर आरोपियों की तलाश शुरू की गई। घेराबंदी कर दोनों आरोपियों को हिरासत में लिया गया।

हथियार और खाली खोखा बरामद

पूछताछ में आरोपियों ने घटना में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली। पुलिस ने मुख्य आरोपी दिलेश्वर सिदार (30) के कब्जे से एक देशी रिवाल्वर बरामद की है। वहीं घटनास्थल से फायरिंग में इस्तेमाल गोली का खाली खोखा भी जब्त किया गया। आरोपी सोमदेव सिदार के पास से एक देशी कट्टा बरामद हुआ है।

न्यायिक रिमांड पर भेजे गए आरोपी

सक्ती थाना पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 109(1), 296, 3(5) तथा आर्म्स एक्ट की धारा 25 और 27 के तहत मामला दर्ज किया है। गिरफ्तारी के बाद दोनों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर उप जेल सक्ती भेज दिया गया।