सक्ती: छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले में धान खरीदी व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा हो गया है। डभरा क्षेत्र के पुटीडीह धान खरीदी केंद्र में हुए भौतिक सत्यापन के दौरान करीब 3200 क्विंटल धान गायब मिला है, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 99 लाख 20 हजार रुपये बताई जा रही है।
हैरान करने वाली बात यह है कि धान की कमी छिपाने के लिए बोरियों में मिट्टी और कंकड़ मिलाकर वजन पूरा करने की साजिश रची जा रही थी। जांच में सामने आया कि एक-एक बोरी में 5 से 10 किलो तक मिट्टी-कंकड़ भरे गए थे।
🌙 आधी रात टीम की दबिश, मौके पर खुला घोटाले का खेल
जिला नोडल अधिकारी वासू जैन के नेतृत्व में टीम ने आधी रात अचानक धान खरीदी केंद्र में दबिश दी। जांच के दौरान अधिकांश बोरियों में 30 किलो धान और लगभग 10 किलो मिट्टी-कंकड़ पाया गया।
टीम ने मौके पर ही पंचनामा तैयार कर मिट्टी-कंकड़ मिले धान को जब्त किया। इस कार्रवाई के बाद केंद्र की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
🧾 धान खरीदी प्रभारी हटाए गए, होगी FIR
नोडल अधिकारी वासू जैन ने बताया —
“धान शॉर्टेज की शिकायत पर पुटीडीह धान खरीदी केंद्र में दबिश दी गई। अधिकतर बोरियों में भारी मात्रा में मिट्टी-कंकड़ मिले हैं। धान खरीदी प्रभारी को तत्काल हटा दिया गया है। जांच जारी है और दोषियों के खिलाफ एफआईआर कराई जाएगी।”
उन्होंने यह भी कहा कि किसानों को परेशानी न हो, इसके लिए नए प्रभारी की नियुक्ति कर दी गई है।
⚖️ अधिकारियों-कर्मचारियों की भूमिका जांच के घेरे में
मामले में संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों की भूमिका की विस्तृत जांच की जा रही है। प्रशासन का कहना है कि यदि किसी स्तर पर लापरवाही या साजिश सामने आती है तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी।





