March 4, 2026

मुंगेली की सुप्रिया सिंह बनीं लेफ्टिनेंट, सीडीएस में ऑल इंडिया 4वीं रैंक; CM साय ने किया सम्मानित

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज मंत्रालय महानदी भवन स्थित अपने कार्यालय में सीडीएस परीक्षा में ऑल इंडिया चौथी रैंक प्राप्त करने वाली मुंगेली की सुप्रिया सिंह श्रीनेत को सम्मानित किया। मुख्यमंत्री ने उन्हें पुष्पगुच्छ भेंटकर बधाई दी और उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं प्रेषित कीं।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि सुप्रिया की सफलता यह संदेश देती है कि स्पष्ट लक्ष्य और ईमानदार प्रयास से साधारण पृष्ठभूमि का युवा भी असाधारण उपलब्धि हासिल कर सकता है। उन्होंने कहा कि सुप्रिया का अनुशासन, परिश्रम और राष्ट्रसेवा के प्रति समर्पण राज्य के युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत है। इस अवसर पर कुन्दन कुमार भी उपस्थित रहे।

देशसेवा का संकल्प और सफलता की उड़ान

जिले के ग्राम टेढ़ाधौंरा की 23 वर्षीय सुप्रिया सिंह श्रीनेत ने संघ लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित सीडीएस परीक्षा में ऑल इंडिया चौथी रैंक प्राप्त कर राज्य को गौरवान्वित किया है। वे भारतीय सेना में लेफ्टिनेंट के पद पर चयनित हुई हैं।

किसान परिवार से आने वाली सुप्रिया की माता श्रीमती संतोषी सिंह श्रीनेत और पिता श्री वैदेही शरण सिंह ने उन्हें शिक्षा और संस्कारों का मजबूत आधार दिया। उन्होंने प्रारंभिक शिक्षा सेंट जोसेफ हायर सेकेंडरी स्कूल से प्राप्त की और बाद में बी.टेक (इलेक्ट्रॉनिक एंड टेलीकम्युनिकेशन) की डिग्री हासिल की।

इंजीनियरिंग अध्ययन के दौरान उन्होंने एनसीसी से जुड़कर जूनियर अंडर ऑफिसर के पद तक जिम्मेदारी निभाई। एनसीसी प्रशिक्षण ने उनके भीतर अनुशासन, नेतृत्व क्षमता और राष्ट्रभक्ति की भावना को सुदृढ़ किया।

दृढ़ संकल्प का परिणाम

वर्ष 2023 में इंजीनियरिंग पूर्ण करने के बाद सुप्रिया ने सीडीएस परीक्षा की तैयारी शुरू की। कड़ी मेहनत और आत्मविश्वास के बल पर उन्होंने शॉर्ट सर्विस कमीशन के अंतर्गत आयोजित एसएसबी साक्षात्कार में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए ऑल इंडिया चौथी रैंक हासिल की।

उनकी यह उपलब्धि ग्रामीण अंचल की बेटियों के लिए नई संभावनाओं का द्वार खोलने वाली प्रेरक कहानी बन गई है। शैक्षणिक उपलब्धियों के साथ-साथ सुप्रिया सांस्कृतिक गतिविधियों, विशेषकर नृत्य, में भी सक्रिय रही हैं।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रदेश के युवाओं को सुप्रिया से प्रेरणा लेकर अपने लक्ष्य की दिशा में आगे बढ़ना चाहिए।