May 17, 2026

आरटीई बच्चों से मजदूरी कराने का मामला: मुख्यमंत्री DAV स्कूल तिलसिंवा की प्राचार्य विधु शर्मा हटाई गईं

सूरजपुर। शिक्षा के अधिकार (आरटीई) के तहत पढ़ने वाले गरीब बच्चों से स्कूल में रंगाई–पुताई और निर्माण कार्य करवाने के मामले में कार्रवाई की गई है। मुख्यमंत्री डीएवी पब्लिक स्कूल तिलसिंवा की प्राचार्य विधु शर्मा को कलेक्टर एस जयवर्धने ने पद से हटा दिया है। बच्चों का स्कूल में मजदूरी करते हुए वीडियो वायरल होने के बाद कलेक्टर ने जांच कमेटी गठित की थी। जांच रिपोर्ट के आधार पर यह कार्रवाई की गई है।

जानिए क्या है पूरा मामला

सूरजपुर जिले के तिलसिवां स्थित मुख्यमंत्री डीएवी पब्लिक स्कूल में आरटीई के बच्चों से मजदूरी कराए जाने का मामला सामने आया था। आरोप था कि स्कूल की प्राचार्य विधु शर्मा ने आरटीई के तहत पढ़ रहे बच्चों से स्कूल परिसर में मजदूरी और पुताई का काम करवाया।

अभिभावकों की शिकायत के अनुसार बच्चों से स्कूल में सीमेंट और रेत ढुलवाने के साथ कक्षाओं की पुताई जैसे काम कराए गए। बच्चों ने काम करने से मना किया तो उन्हें स्कूल से निकालने की धमकी दी जाती थी।

परिजनों का आरोप है कि जब वे इस मामले में बात करने स्कूल पहुंचे तो प्राचार्य ने उनके साथ दुर्व्यवहार किया। उन्होंने कहा कि बच्चों को मुफ्त में बैग, किताबें और बिजली मिल रही है, इसलिए बाहर जाकर बात करें। शिकायत में यह भी कहा गया कि प्राचार्य स्कूल की एक कक्षा का उपयोग अपने पति के साथ निवास के रूप में कर रही थीं। परिजनों ने बच्चों के काम करते हुए फोटो और वीडियो साक्ष्य के रूप में कलेक्टर को सौंपे थे।

हाईकोर्ट और मुख्यमंत्री सचिवालय ने लिया संज्ञान

मामला सामने आने के बाद मुख्यमंत्री सचिवालय और बिलासपुर हाईकोर्ट ने भी इस पर संज्ञान लिया। गरीब बच्चों से रंगाई–पुताई और मजदूरी करवाने को लेकर चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा और जस्टिस रविंद्र कुमार अग्रवाल की डिवीजन बेंच ने शिक्षा सचिव को व्यक्तिगत शपथ पत्र देने के निर्देश दिए थे।

सुनवाई के दौरान अतिरिक्त महाधिवक्ता शशांक ठाकुर ने अदालत को बताया कि घटना की सच्चाई जानने के लिए 23 फरवरी को ही कलेक्टर ने जांच कमेटी का गठन कर दिया था। हाईकोर्ट ने स्कूल शिक्षा सचिव को 11 मार्च तक विस्तृत जानकारी के साथ शपथ पत्र पेश करने के निर्देश दिए हैं।

तीन सदस्यीय जांच कमेटी ने सौंपी रिपोर्ट

कलेक्टर एस जयवर्धने के निर्देश पर डीईओ अजय मिश्रा ने तीन सदस्यीय जांच कमेटी गठित की थी। कमेटी में सहायक संचालक लता बेक, बीईओ सूरजपुर हरेंद्र सिंह और सेजेस जयनगर की प्राचार्य पुष्पा राय शामिल थीं।

जांच टीम ने विद्यार्थियों, उनके परिजनों और स्कूल प्रबंधन के बयान दर्ज किए। तीन मार्च को जांच रिपोर्ट डीईओ को सौंप दी गई।

रिपोर्ट में क्या सामने आया

जांच रिपोर्ट में बताया गया कि वायरल वीडियो वर्तमान का नहीं बल्कि स्वच्छता पखवाड़े के दौरान का है। स्कूल में जोन स्तरीय खो-खो प्रतियोगिता आयोजित होनी थी, जिसके लिए बच्चों से खंभे गड़वाए गए थे।

हालांकि अभिभावकों द्वारा प्राचार्य पर दुर्व्यवहार के आरोप लगाए गए थे। इन्हीं आरोपों को देखते हुए प्रशासन ने प्राचार्य विधु शर्मा को पद से हटा दिया है।

जांच रिपोर्ट और की गई कार्रवाई की जानकारी स्कूल शिक्षा सचिव के माध्यम से हाईकोर्ट में पेश किए जाने वाले जवाब के साथ संलग्न की जाएगी। साथ ही मुख्यमंत्री सचिवालय को भी इसकी जानकारी दी जाएगी।