रायपुर:
छत्तीसगढ़ में Vishnu Deo Sai के नेतृत्व में चल रहा ‘सुशासन तिहार’ अब लोगों की समस्याओं के त्वरित समाधान का प्रभावी माध्यम बनता जा रहा है। 1 मई से शुरू इस अभियान के तहत प्रशासन सीधे गांव-गांव पहुंचकर लोगों की शिकायतें सुन रहा है और उनका निराकरण कर रहा है।
धमतरी जिले के नगरी ब्लॉक के कुकरेल में आयोजित समाधान शिविर में इसका असर साफ देखने को मिला, जहां कुल 314 आवेदनों में से 250 से अधिक मामलों का मौके पर ही समाधान कर दिया गया। इससे ग्रामीणों को बड़ी राहत मिली है।
सीएम के स्पष्ट निर्देश
मुख्यमंत्री साय ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि शिकायतों का निपटारा केवल कागजों में नहीं, बल्कि जमीनी स्तर पर होना चाहिए। हर आवेदन को ऑनलाइन और पारदर्शी तरीके से दर्ज किया जाए। साथ ही यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि ग्रामीणों को अपनी समस्या लेकर तहसील या जिला मुख्यालय न जाना पड़े, बल्कि अधिकारी स्वयं गांवों में पहुंचें।
शिविर की खास बातें
कुकरेल सहित दरगहन, सलोनी, केरेगांव और भोथापारा समेत 17 ग्राम पंचायतों के लोग बड़ी संख्या में शिविर में पहुंचे। कुल 314 आवेदनों में से 306 आवेदन विकास कार्यों और व्यक्तिगत मांगों से जुड़े थे, जिनमें से 262 को तुरंत मंजूरी या प्रक्रिया में लिया गया।
जल संसाधन, स्वास्थ्य, राजस्व, कृषि और महिला एवं बाल विकास विभाग के स्टॉल लगाए गए, जहां लोगों को योजनाओं की जानकारी के साथ-साथ तत्काल लाभ भी दिया गया।
ग्रामीणों में उत्साह
ग्रामीणों ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि अब सरकारी योजनाओं का लाभ लेना पहले से आसान हो गया है। प्रशासन का लक्ष्य हर आवेदन का गुणवत्तापूर्ण समाधान करना है।





