रायपुर। भाजपा की प्रस्तावित तिरंगा यात्रा को लेकर उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर इसकी रूपरेखा और उद्देश्य की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि बस्तर में 12 से 15 अगस्त तक तिरंगा यात्रा निकाली जाएगी। यात्रा का शुभारंभ 12 अगस्त को सुबह 9 बजे नारायणपुर से होगा। विजय शर्मा ने कहा कि पिछले ढाई वर्षों में बस्तर के कई ऐसे इलाकों में तिरंगा फहराया गया है, जहां पहले नक्सलवाद के कारण पहुंचना मुश्किल था। अब नक्सलवाद के खात्मे के बाद पूरे बस्तर में तिरंगा शान से लहराएगा।
डिप्टी सीएम ने कहा कि नक्सलवाद खत्म हुआ या नहीं, इसको लेकर लगातार चर्चा होती रहती है। ऐसे में तिरंगा यात्रा के जरिए यह संदेश दिया जाएगा कि बस्तर में अब हालात बदल चुके हैं। उन्होंने कहा कि यात्रा ऐसे क्षेत्रों से होकर गुजरेगी, जहां पहले जाना संभव नहीं था। पूरी यात्रा के दौरान वे स्वयं मौजूद रहेंगे। प्रशासन और स्थानीय समाज के लोग भी इसमें शामिल होंगे।
चिंगवरम, ताड़मेटला और झीरम जाएंगे विजय शर्मा
विजय शर्मा ने कहा कि तिरंगा यात्रा के दौरान वे उन स्थानों पर भी जाएंगे, जहां नक्सली हिंसा में जवानों और लोगों की जान गई थी। उन्होंने बताया कि यात्रा चिंगवरम जाएगी, जहां 31 शव मिले थे। इसके अलावा ट्रेरबोर में भी जाएंगे, जहां कई घरों को जला दिया गया था।
डिप्टी सीएम ने कहा कि वे ताड़मेटला भी जाएंगे, जहां नक्सली हमले में 71 जवानों की हत्या हुई थी। ऐसे सभी स्थानों पर जाकर शहीद जवानों को श्रद्धांजलि दी जाएगी।
उन्होंने कहा कि वे झीरम भी जाएंगे और सभी शहीदों को नमन करेंगे। विजय शर्मा ने कहा कि तिरंगा यात्रा के जरिए यह संदेश देने की कोशिश है कि बस्तर अब नक्सलवाद के प्रभाव से बाहर निकल चुका है।
राहुल गांधी पर भी साधा निशाना
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान विजय शर्मा ने कांग्रेस और राहुल गांधी पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस नक्सलवाद खत्म होने की बात सुनना नहीं चाहती। उन्होंने आरोप लगाया कि झीरम घटना के गुनाहगारों को कांग्रेस नेता अपना रोल मॉडल मानते हैं।
विजय शर्मा ने कहा कि वे चाहते हैं कि कांग्रेस के नेता भी तिरंगा यात्रा में शामिल हों और शहीदों को नमन करें। उन्होंने राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि अगर कांग्रेस नक्सलवाद के खिलाफ है तो उसे शहीदों के सम्मान में आगे आना चाहिए।
युवाओं के प्रदर्शन पर बोले- लोकतंत्र में मांग रखना सही
युवाओं के प्रदर्शन को लेकर विजय शर्मा ने कहा कि यदि युवा अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन करते हैं तो लोकतंत्र में यह सही है। उन्होंने कहा कि युवाओं की मांग के बाद शिक्षा मंत्री ने इस्तीफा दिया और सरकार ने उनकी बात को संवेदनशीलता से लिया।
उन्होंने राहुल गांधी के बयान और सदन में चर्चा की मांग को लेकर कहा कि सरकार चर्चा के लिए तैयार है, लेकिन सदन चलने नहीं दिया जाता। विजय शर्मा ने कहा कि यदि किसी मुद्दे पर चर्चा करनी है तो उसे सदन में उठाया जाना चाहिए।
‘गोली चलने की बात सही है तो साबित करके दिखाएं’
विजय शर्मा ने प्रदर्शन के दौरान गोली चलने के आरोपों पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि अब यह नया आरोप लगाया जा रहा है कि प्रदर्शन के दौरान गोली चली। यदि इस बात में सच्चाई है तो इसे साबित करके दिखाया जाना चाहिए।
उन्होंने राहुल गांधी पर देश का माहौल खराब करने और युवाओं में अराजकता व भ्रम फैलाने की कोशिश करने का आरोप लगाया। साथ ही झारखंड में युवाओं के प्रदर्शन का जिक्र करते हुए उन्होंने सवाल किया कि वहां सरकार गठबंधन समर्थित होने के बावजूद राहुल गांधी इस मुद्दे पर चुप क्यों हैं।
विजय शर्मा ने कहा कि जब सदन में इस विषय पर चर्चा होगी तो सरकार की ओर से जवाब दिया जाएगा। उन्होंने विपक्ष से सदन में मौजूद रहने की अपील करते हुए कहा कि इस बार विपक्ष सदन से गायब न हो और चर्चा का सामना करे।





