May 14, 2026

महिला आरक्षण पर सियासी घमासान, विशेष सत्र के बाद भाजपा-कांग्रेस में आरोप-प्रत्यारोप

रायपुर। नारी शक्ति वंदन अधिनियम पर चर्चा के लिए आयोजित छत्तीसगढ़ विधानसभा का विशेष सत्र समाप्त होने के बाद भाजपा और कांग्रेस के बीच सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। दोनों दलों के नेताओं ने महिला आरक्षण के मुद्दे पर एक-दूसरे पर जमकर आरोप-प्रत्यारोप लगाए।

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष किरण देव ने मीडिया से बातचीत में कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि आजादी के बाद लंबे समय तक सत्ता में रहने के बावजूद कांग्रेस ने महिलाओं के लिए ठोस काम नहीं किया। उन्होंने आरोप लगाया कि जब संसद में महिला आरक्षण बिल लाया गया, तब कांग्रेस ने उसका समर्थन नहीं किया और उसे विफल करने का प्रयास किया। उन्होंने कहा कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम 2029 में महिलाओं को लोकसभा और राज्यसभा में प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करेगा।

वहीं कांग्रेस विधायक रामकुमार यादव ने भाजपा पर पलटवार करते हुए कहा कि कांग्रेस ने हमेशा महिलाओं के सम्मान और भागीदारी को प्राथमिकता दी है। उन्होंने कहा कि देश को पहली महिला प्रधानमंत्री देने का काम कांग्रेस ने किया और महिलाओं को मुख्यधारा में लाने का प्रयास किया।

रामकुमार यादव ने भाजपा और उसके वैचारिक संगठन पर भी निशाना साधते हुए कहा कि महिलाओं के मुद्दे पर भाजपा का रुख विरोधाभासी है और पार्टी केवल दिखावे की राजनीति कर रही है।

महिला आरक्षण के मुद्दे पर दोनों दलों के बीच यह सियासी टकराव आने वाले समय में और तेज होने के संकेत दे रहा है।