January 16, 2026

समर्थन मूल्य पर धान खरीदी प्रभावित करने वाले ओडिशा के धान पर पुलिस की रिकॉर्ड कार्रवाई

👉 देवभोग पुलिस ने 41 वाहनों से 1576 क्विंटल धान जब्त किया, जिलेभर में 85 वाहन और 4504 क्विंटल धान पकड़ा गया

समर्थन मूल्य पर धान खरीदी को प्रभावित करने वाले ओडिशा से आ रहे अवैध धान परिवहन पर इस बार पुलिस ने रिकॉर्ड कार्रवाई की है। देवभोग पुलिस ने सर्वाधिक 41 वाहनों से 1576 क्विंटल धान जब्त किया है। वहीं जिले के सभी सीमावर्ती थानों की संयुक्त कार्रवाई में पुलिस विभाग ने 85 वाहनों से करीब 1 करोड़ 39 लाख रुपये मूल्य का 4504.25 क्विंटल धान जब्त कर नया रिकॉर्ड कायम किया है।


🚛 अवैध परिवहन रोकने बनाई गई थी विशेष रणनीति

जिले के तत्कालीन पुलिस कप्तान निखिल राखेचा और वर्तमान कप्तान वेद व्रत सिरमौर्य ने अवैध धान परिवहन रोकने के लिए प्रभावी रणनीति बनाई थी। इसके तहत सीमावर्ती इलाकों में लगातार चेकिंग, निगरानी और घेराबंदी की गई।

इसके अलावा राजस्व, सहकारिता, मंडी और खाद्य विभाग ने भी संयुक्त कार्रवाई करते हुए 30 से अधिक वाहन जब्त कर 5 हजार क्विंटल से ज्यादा धान को ओडिशा से जिले में खपने से रोका।

अधिकारियों के मुताबिक, वाहनों की लगातार जब्ती और सख्ती के चलते जितना धान पकड़ा गया, उससे करीब तीन गुना अधिक आवक पहले ही रुक गई।


🌾 259 किसानों के 13 हजार क्विंटल धान के टोकन निरस्त

धरपकड़ का सीधा असर खरीदी केंद्रों में नजर आया। बड़ी संख्या में किसानों के टोकन निरस्त हुए। इसका प्रमुख कारण यह रहा कि कटाई के बाद सप्लायर समय पर ओडिशा का धान उपलब्ध नहीं करा पाए।

देवभोग ब्रांच मैनेजर के अनुसार, 9 खरीदी केंद्रों में 112 किसानों का 6110 क्विंटल धान का टोकन निरस्त हुआ।
वहीं गोहरापदर ब्रांच मैनेजर दुष्यंत इंगले ने बताया कि 12 खरीदी केंद्रों में 147 किसानों का 6900 क्विंटल टोकन रद्द किया गया।


👮 कार्रवाई और निगरानी का असर साफ दिखा : जिला खाद्य अधिकारी

जिला खाद्य अधिकारी अरविंद दुबे ने कहा कि कार्रवाई और निगरानी का असर स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है। खरीदी केंद्रों में अब धान की आवक वास्तविक उत्पादन के अनुरूप बनी हुई है।

उन्होंने बताया कि इलाके में औसत उत्पादन अधिकतम 15 क्विंटल प्रति एकड़ है, जबकि कई जगह इससे अधिक मात्रा की खरीदी दर्शाई जा रही थी। अंतर भरने के लिए ओडिशा के धान पर निर्भरता थी, जिस पर अब रोक लगी है।


✅ बोगस खरीदी पर लगा ब्रेक : तहसीलदार

देवभोग तहसीलदार अजय चंद्रवंशी ने कहा कि कार्रवाई से बोगस खरीदी पर लगाम लगी है और ओडिशा पर निर्भरता खत्म हो रही है।

उन्होंने बताया कि जिन किसानों के पास वास्तविक उत्पादन नहीं है, उनका रकबा समर्पण कराया जा रहा है। साथ ही पटवारियों के माध्यम से जल्द ही किसानों के यहां भौतिक सत्यापन कराया जाएगा, ताकि वास्तविक धान की मात्रा का रिकॉर्ड तैयार किया जा सके।