July 31, 2026

बस्तर में सिकल सेल पर बड़ा अभियान, हर ब्लॉक में लगेंगे विशेष स्वास्थ्य शिविर

जगदलपुर। बस्तर के आदिवासी अंचलों में सिकल सेल बीमारी से निपटने के लिए जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने विशेष अभियान शुरू किया है। सिकल सेल सर्वे में मिले आंकड़ों के आधार पर जिले के सभी विकासखंडों में विशेष स्वास्थ्य शिविर लगाए जाएंगे, ताकि मरीजों की समय पर पहचान कर उन्हें बेहतर उपचार और आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें।

सिकल सेल एक आनुवंशिक रक्त विकार है, जो माता-पिता से बच्चों में पहुंचता है और जीवनभर मरीज को प्रभावित करता है। समय पर जांच और इलाज नहीं मिलने पर मरीज को बार-बार खून की कमी, असहनीय दर्द और अन्य गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ता है। बस्तर के दूरस्थ आदिवासी इलाकों में स्वास्थ्य सुविधाओं की सीमित पहुंच के कारण इस बीमारी की समय पर पहचान बड़ी चुनौती बनी हुई है।

शासन के निर्देश पर किए गए सिकल सेल सर्वे में जिले में मरीजों के साथ-साथ सिकल सेल वाहकों (कैरियर) की भी पहचान की गई है। इसी रिपोर्ट के आधार पर जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने संयुक्त कार्ययोजना तैयार की है। अभियान की शुरुआत बकावंड विकासखंड से की गई है, जहां बड़ी संख्या में मरीज और उनके परिजन शिविर में पहुंचे।

विशेष शिविरों में मरीजों को बीमारी की रोकथाम, संतुलित खान-पान, नियमित दवा और स्वस्थ जीवनशैली के बारे में विशेषज्ञों द्वारा परामर्श दिया जा रहा है। साथ ही समाज कल्याण, महिला एवं बाल विकास, शिक्षा और स्वास्थ्य विभाग की विभिन्न योजनाओं का लाभ भी एक ही स्थान पर उपलब्ध कराया जा रहा है।

स्वास्थ्य विभाग के अनुसार गंभीर मरीजों को निशुल्क दवाइयों के साथ आवश्यकता पड़ने पर मुफ्त ब्लड ट्रांसफ्यूजन की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी। प्रशासन का उद्देश्य सिकल सेल की जल्द पहचान, प्रभावी उपचार और जनजागरूकता बढ़ाकर आदिवासी क्षेत्रों में इस बीमारी के प्रभाव को कम करना है।