May 16, 2026

आईपीएल सट्टा आरोपी की ‘बीमारी’ पर सवाल, जेल से पहले अस्पताल में भर्ती—VIP ट्रीटमेंट के आरोप

सट्टा कार्रवाई के बाद नया विवाद

बिलासपुर। आईपीएल सट्टे के खिलाफ पुलिस कार्रवाई के बाद एक नया विवाद खड़ा हो गया है। जूना बिलासपुर से गिरफ्तार आरोपियों में से एक विशाल विधानी को जेल भेजने की प्रक्रिया के बीच अचानक तबीयत बिगड़ने का हवाला देकर अस्पताल में भर्ती कराया गया, जिससे पूरे घटनाक्रम पर सवाल उठने लगे हैं।

दूसरा आरोपी जेल भेजा गया

इस मामले में गिरफ्तार दूसरे आरोपी दीपक भक्तानी को जेल भेज दिया गया है, जबकि विशाल विधानी सिम्स अस्पताल में भर्ती है। सूत्रों के अनुसार, उसे जेल से बचाने के लिए अस्पताल में भर्ती कराए जाने की चर्चा है।

5 अप्रैल को हुई थी गिरफ्तारी

पुलिस ने 5 अप्रैल को जूना बिलासपुर में दबिश देकर दोनों आरोपियों को ऑनलाइन सट्टा खिलाते हुए रंगे हाथों पकड़ा था। उनके पास से 1.10 लाख रुपये नकद, मोबाइल और स्कूटी जब्त की गई थी।
जांच में सामने आया कि सट्टा नेटवर्क के तार गोवा के राजा आहूजा से जुड़े हुए हैं।

जेल भेजने से पहले बिगड़ी तबीयत

जानकारी के अनुसार, जेल में दाखिले की प्रक्रिया के दौरान ही विशाल विधानी ने अचानक तबीयत खराब होने की बात कही। जेल में पर्याप्त सुविधा न होने के कारण उसे तुरंत सिम्स अस्पताल रेफर कर दिया गया।

VIP ट्रीटमेंट और सूचना पर सवाल

अस्पताल में भर्ती होने के बाद उसे कथित तौर पर वीआईपी ट्रीटमेंट मिलने की बात सामने आई है। साथ ही यह भी आरोप है कि इस पूरे घटनाक्रम की स्पष्ट जानकारी जेल विभाग को नहीं दी गई, जिससे लापरवाही या मिलीभगत की आशंका जताई जा रही है।

रसूख बनाम कानून पर उठे सवाल

घटना के बाद शहर में यह सवाल गूंज रहा है कि क्या आम आरोपी को भी ऐसी राहत मिलती है या फिर यह प्रभाव और पहुंच का मामला है।
अब सबकी नजर इस बात पर है कि आरोपी की ‘अचानक बीमारी’ की निष्पक्ष जांच होगी या मामला दबा दिया जाएगा।