कोरिया। जिले के सोनहत ब्लॉक अंतर्गत ग्राम कटगोड़ी में रेत खनन को लेकर हुए खूनी संघर्ष के बाद माहौल तनावपूर्ण बना हुआ है। भाजपा नेता एवं पूर्व जनपद उपाध्यक्ष भरत सिंह गहरवार उर्फ लल्ला सिंह समेत तीन लोगों की मौत से आक्रोशित परिजन और क्षत्रिय समाज के लोगों ने आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। परिजनों ने मामले की सीबीआई जांच, आरोपियों के एनकाउंटर और उनके घरों पर बुलडोजर कार्रवाई की मांग उठाई है।
रेत विवाद में हुई थी तीन लोगों की मौत
जानकारी के अनुसार, मंगलवार रात ग्राम कटगोड़ी में भाजपा नेताओं के दो पक्षों के बीच विवाद हिंसक झड़प में बदल गया। आरोप है कि इस दौरान टोयोटा फॉर्च्यूनर और स्कोडा कार को टीपर और ट्रैक्टर से टक्कर मारकर क्षतिग्रस्त किया गया।
इसके बाद कटगोड़ी निवासी मनोज त्रिपाठी और उनके परिजनों पर भरत सिंह गहरवार, योगेंद्र सिंह, नागेंद्र सिंह, वीरेंद्र सिंह और मयंक सिंह की गाड़ी पर पेट्रोल छिड़ककर आग लगाने का आरोप है।
जान बचाने भागे लोगों पर भी हमला
बताया जा रहा है कि आग लगने के बाद जब गहरवार परिवार के सदस्य जान बचाने के लिए बाहर निकले तो उन पर धारदार हथियारों और लाठी-डंडों से हमला किया गया। घटना में भरत सिंह गहरवार उर्फ लल्ला सिंह की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि गंभीर रूप से घायल वीरेंद्र सिंह उर्फ वीरू और नागेंद्र सिंह ने उपचार के दौरान दम तोड़ दिया।
वहीं घायल मयंक सिंह और योगेंद्र सिंह का अस्पताल में उपचार जारी है। उनकी हालत गंभीर बताई जा रही है।
प्रशासन ने लागू की धारा 163
घटना के बाद क्षेत्र में तनाव को देखते हुए जिला प्रशासन ने बैकुंठपुर के महलपारा, नौगई और कटगोड़ी स्थित क्रेशर प्लांट क्षेत्र में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 163 लागू कर दी है।
प्रशासनिक आदेश के तहत इन क्षेत्रों में सामूहिक धरना-प्रदर्शन और भीड़ जुटाने पर आगामी आदेश तक प्रतिबंध लगा दिया गया है। सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल भी तैनात किया गया है।
सीबीआई जांच और सख्त कार्रवाई की मांग
मृतकों के परिजन और समाज के प्रतिनिधियों का कहना है कि मामले की निष्पक्ष जांच के लिए इसे केंद्रीय एजेंसी से जांच कराई जाए। साथ ही आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है और घटना से जुड़े विभिन्न पहलुओं की पड़ताल की जा रही है।





