मुंगेली। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की मंशा के अनुरूप जिले में 1 मई से 10 जून तक आयोजित सुशासन तिहार के दौरान प्रशासन ने जनसमस्याओं के समाधान के लिए व्यापक अभियान चलाया। इस दौरान जिलेभर में 24 समाधान शिविर लगाए गए, जहां हजारों लोगों ने अपनी समस्याएं और मांगें प्रशासन के समक्ष रखीं। शिविरों में केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू, उप मुख्यमंत्री अरुण साव, विधायक पुन्नूलाल मोहले और विधायक धरमलाल कौशिक सहित कई जनप्रतिनिधियों ने पहुंचकर लोगों की समस्याएं सुनीं और समाधान के लिए अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।
कलेक्टर कुंदन कुमार ने बताया कि सुशासन तिहार के दौरान सबसे अधिक शिकायतें पेयजल और बिजली व्यवस्था से संबंधित प्राप्त हुईं। ग्रामीणों ने बिजली कटौती, खराब ट्रांसफार्मरों के प्रतिस्थापन और जलापूर्ति की समस्याओं को प्रमुखता से उठाया। कई मामलों का मौके पर ही निराकरण किया गया, जबकि जटिल प्रकरणों के लिए संबंधित विभागों को समय-सीमा के भीतर कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
एक माह में 42 हजार नक्शा बटांकन, प्रशासन की बड़ी उपलब्धि
सुशासन तिहार के दौरान राजस्व विभाग ने करीब 42 हजार नक्शा बटांकन का कार्य पूरा कर महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की। कलेक्टर ने बताया कि पिछले एक वर्ष से इस कार्य में अपेक्षित प्रगति नहीं हो पा रही थी, जिससे कई राजस्व प्रक्रियाएं प्रभावित हो रही थीं। विशेष अभियान चलाकर राजस्व अमले को इस दिशा में तेजी से काम करने के निर्देश दिए गए।
उन्होंने बताया कि जून माह के अंत तक जिले में नक्शा बटांकन का कार्य शत-प्रतिशत पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। भूमि खरीदी-बिक्री, सीमांकन, नामांतरण और अन्य राजस्व कार्यों के लिए नक्शा बटांकन महत्वपूर्ण प्रक्रिया है, जिसके पूरा होने से हजारों किसानों और भूमि स्वामियों को सीधा लाभ मिलेगा।
मानसून और नए शिक्षा सत्र को लेकर विशेष तैयारी
कलेक्टर कुंदन कुमार ने बताया कि आगामी मानसून और मौसम परिवर्तन को देखते हुए सभी विभागों को प्रोएक्टिव मोड में कार्य करने के निर्देश दिए गए हैं। स्वास्थ्य विभाग को मौसमी बीमारियों की रोकथाम और पेयजल विभाग को जलापूर्ति व्यवस्था दुरुस्त रखने के निर्देश दिए गए हैं।

वहीं नए शैक्षणिक सत्र को ध्यान में रखते हुए शिक्षा विभाग को जर्जर एवं मरम्मत योग्य स्कूल भवनों की तत्काल मरम्मत सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि विद्यार्थियों को सुरक्षित और बेहतर शैक्षणिक वातावरण मिल सके।
अब शुरू होगा ‘गांव-शहर चलो अभियान’
सुशासन तिहार के समापन के बाद जिला प्रशासन ने अब “गांव-शहर चलो अभियान” शुरू करने की तैयारी की है। कलेक्टर के निर्देशानुसार आगामी 15 दिनों तक सभी विभागीय अधिकारी गांवों और शहरी क्षेत्रों का लगातार दौरा करेंगे तथा लोगों की समस्याओं का मौके पर समाधान करेंगे।
कलेक्टर ने कहा कि इस अभियान का उद्देश्य प्रशासन और जनता के बीच संवाद को मजबूत करना है। साथ ही ऐसे पात्र हितग्राहियों तक भी शासन की योजनाओं का लाभ पहुंचाना है, जो अब तक किसी कारणवश वंचित रह गए हैं।
दूरस्थ गांवों में पहुंचकर अधिकारियों ने किया निरीक्षण
अभियान के तहत पशुपालन, कृषि, खाद्य, सहकारिता और अन्य विभागों के अधिकारियों ने विभिन्न क्षेत्रों का दौरा कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। पशुपालन विभाग की टीम ने अचानकमार टाइगर रिजर्व के कोर एरिया के गांवों में पहुंचकर पशुपालकों को टीकाकरण, मौसमी बीमारियों और विभागीय योजनाओं की जानकारी दी।
कृषि विभाग ने खाद वितरण केंद्रों और निजी उर्वरक विक्रय केंद्रों का निरीक्षण किया, जबकि खाद्य विभाग ने पहुंचविहीन गांवों में संचालित शासकीय उचित मूल्य दुकानों का जायजा लिया। निरीक्षण में खाद्यान्न वितरण व्यवस्था संतोषजनक पाई गई।
जिला प्रशासन का मानना है कि सुशासन तिहार के दौरान मिले जनप्रतिसाद और समस्याओं के समाधान की प्रक्रिया को आगे बढ़ाते हुए ‘गांव-शहर चलो अभियान’ प्रशासन को सीधे जनता तक पहुंचाने का प्रभावी माध्यम साबित होगा। इससे न केवल समस्याओं का त्वरित समाधान होगा, बल्कि शासन की योजनाओं का लाभ भी अधिक से अधिक पात्र हितग्राहियों तक पहुंच सकेगा।




