May 15, 2026

वेदांता प्लांट हादसा: उद्योग मंत्री ने अस्पतालों में घायलों से की मुलाकात, 20 की मौत, जांच के आदेश

रायगढ़ जिले के सिंघीतराई स्थित वेदांता प्लांट में हुए भीषण हादसे के बाद प्रदेश सरकार हरकत में है। उद्योग मंत्री Lakhan Lal Dewangan ने गुरुवार को रायगढ़ के विभिन्न शासकीय और निजी अस्पतालों का दौरा कर घायलों का हालचाल जाना और उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की।

अस्पतालों में लिया जायजा, दिए निर्देश

मंत्री Lakhan Lal Dewangan ने अस्पताल प्रबंधन को निर्देशित किया कि सभी घायलों को सर्वोत्तम और समुचित उपचार उपलब्ध कराया जाए।

इस दौरान उन्होंने ग्रामीणों और घायलों से बातचीत कर स्थिति की जानकारी ली। उपचाररत श्रमिकों ने भी अस्पताल में मिल रही सुविधाओं पर संतोष जताया।

14 अप्रैल को हुआ था भीषण हादसा

मंत्री ने बताया कि 14 अप्रैल को ग्राम सिंघीतराई स्थित वेदांता प्लांट में बड़ा हादसा हुआ था, जिसमें कई श्रमिक इसकी चपेट में आ गए।

घटना की जानकारी मिलते ही जिला प्रशासन सक्रिय हो गया था और तत्काल रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया। कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक समेत प्रशासनिक टीम मौके पर पहुंची।

36 श्रमिक प्रभावित, 20 की मौत

इस हादसे में कुल 36 श्रमिक प्रभावित हुए, जिनमें से

  • 20 श्रमिकों की मौत हो चुकी है
  • 16 घायल हैं, जिनका इलाज जारी है

घायलों को रायगढ़ के विभिन्न अस्पतालों में भर्ती कराया गया, जबकि गंभीर रूप से घायलों को रायपुर रेफर किया गया।

मुआवजे का ऐलान

मुख्यमंत्री Vishnu Deo Sai ने घटना पर गहरा दुख जताते हुए—

  • मृतकों के परिजनों को 5 लाख रुपये
  • घायलों को 50 हजार रुपये की सहायता राशि देने की घोषणा की है

वहीं, केंद्र सरकार की ओर से—

  • मृतकों के परिजनों को 2 लाख रुपये
  • घायलों को 50 हजार रुपये की अनुग्रह राशि दी जाएगी

कंपनी की ओर से बड़ी सहायता

कंपनी प्रबंधन ने भी प्रभावित परिवारों को आर्थिक सहयोग देने का आश्वासन दिया है—

  • मृतकों के परिजनों को 35 लाख रुपये + रोजगार सहयोग
  • घायलों को 15 लाख रुपये सहायता

इसके साथ ही घायलों को पूरी तरह स्वस्थ होने तक वेतन जारी रखने और काउंसलिंग सुविधा देने की भी बात कही गई है।

मजिस्ट्रियल जांच के आदेश

मुख्यमंत्री Vishnu Deo Sai ने इस पूरे मामले की मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दिए हैं।

सरकार ने स्पष्ट किया है कि जांच में जो भी दोषी पाए जाएंगे, उनके खिलाफ श्रम कानूनों के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी।


यह हादसा राज्य के औद्योगिक सुरक्षा मानकों पर बड़ा सवाल खड़ा करता है, वहीं सरकार और प्रशासन अब इसे गंभीरता से लेकर कार्रवाई में जुटा है।