रायपुर : छत्तीसगढ़ कांग्रेस प्रभारी सचिन पायलट ने मुख्यमंत्री के उस बयान पर पलटवार किया है, जिसमें कहा गया था कि कांग्रेस के पास कोई मुद्दा नहीं है। पायलट ने कहा कि देश और प्रदेश में ऐतिहासिक स्तर की बेरोजगारी है, किसान अपने धान का सही दाम नहीं पा रहे हैं और नौजवान परेशान हैं। उन्होंने एलपीजी की किल्लत और आने वाले समय में तेल की कीमतों में बढ़ोतरी की आशंका भी जताई।
सचिन पायलट ने कहा कि जनहित के मुद्दों को लेकर कांग्रेस ने विधानसभा का घेराव किया था। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने मनरेगा को कमजोर किया है और अमेरिका के साथ हुई डील किसानों के लिए नुकसानदेह साबित हो सकती है। उन्होंने सवाल उठाया कि जनता के वास्तविक मुद्दों को लेकर बीजेपी की क्या प्राथमिकता है।
धान खरीदी और किसानों को लेकर सरकार पर निशाना
पायलट ने कहा कि राज्य और केंद्र दोनों जगह बीजेपी की सरकार होने के बावजूद किसानों को टोकन नहीं मिल रहे और धान खरीदी भी बाधित हो रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि जब किसान आंदोलन करते हैं तो उन पर लाठीचार्ज किया जाता है, जबकि अन्य मामलों में अलग रवैया अपनाया जाता है।
उन्होंने कहा, “चारों तरफ से किसान पिस रहा है। अमेरिका का उत्पादित सामान भारत में शून्य प्रतिशत टैरिफ पर आ रहा है, जबकि भारत का सामान 18 प्रतिशत टैरिफ पर जाएगा, जो किसानों और देश के हित में नहीं है।”
अफीम की खेती को लेकर जताई चिंता
छत्तीसगढ़ में अवैध अफीम की खेती को लेकर भी पायलट ने गंभीर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि प्रदेश में प्रभाव का इस्तेमाल कर बड़े पैमाने पर अवैध अफीम की खेती कराई जा रही है, जिससे नशे का कारोबार बढ़ रहा है। पायलट ने पूछा कि इस मामले में जिम्मेदार लोगों के खिलाफ क्या कार्रवाई की गई।
उन्होंने कहा कि यह मुद्दा विधानसभा में भी उठाया गया, लेकिन सरकार की ओर से संतोषजनक जवाब नहीं मिला।
बीजेपी सरकार के कामकाज पर सवाल
छत्तीसगढ़ में बीजेपी सरकार के ढाई साल पूरे होने पर पायलट ने उसके कामकाज पर सवाल उठाते हुए कहा कि सरकार पूरी तरह विफल साबित हुई है और जनता को केवल वादों से भ्रमित किया जा रहा है। उनके अनुसार सरकार का ध्यान केवल भाषण, पोस्टर और प्रचार तक सीमित है, जबकि जमीनी स्तर पर कोई ठोस काम दिखाई नहीं दे रहा।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में अमीर और गरीब के बीच की खाई लगातार बढ़ रही है, जिससे आम लोगों के लिए परिवार का भरण-पोषण करना भी मुश्किल होता जा रहा है।
कांग्रेस ने किया विधानसभा का घेराव
गौरतलब है कि राजधानी रायपुर में मनरेगा का नाम बदलने और एलपीजी सिलेंडर की बढ़ती कीमतों समेत कई मुद्दों को लेकर कांग्रेस ने विधानसभा का घेराव किया। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने अनोखे तरीके से विरोध जताते हुए नाली से गैस चूल्हा जोड़कर चाय बनाई।
इस प्रदर्शन में भूपेश बघेल और चरणदास महंत समेत बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता शामिल हुए। इस दौरान भूपेश बघेल ने दावा किया कि वर्ष 2028 में छत्तीसगढ़ में कांग्रेस की सरकार बनेगी और 2029 में राहुल गांधी देश के प्रधानमंत्री बनेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि कांग्रेस की सरकार बनने पर मनरेगा की मजदूरी डेढ़ गुना तक बढ़ाई जाएगी।





